दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली विश्वविद्यालय पर 50 हजार रुपये का लगाया जुर्माना
यह मामला श्री गुरु तेगबहादुर खालसा कॉलेज के एक अवकाश प्राप्त प्रोफेसर रविंदर नारायण मिश्रा की पेंशन निर्धारण से संबंधित है. उन्होने कहा था कि उनकी नियुक्ति 26 अगस्त 2004 को लेक्चरर के पद पर हुई थी, जबकि विश्वविद्यालय 24 अप्रैल 2006 को बता रहा है.





