UP News: गाजियाबाद के वेव सिटी इलाके में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में दो अपराधी मारे गए. एडीसीपी क्राइम पीयूष सिंह, एसीपी क्राइम अमित सक्सेना और निरीक्षक अनिल राजपूत के नेतृत्व में स्वाट टीम, क्राइम ब्रांच और वेव सिटी पुलिस ने संयुक्त अभियान चलाया. बदमाशों ने खुद को घिरता देख फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने कार्रवाई की और दोनों को ढेर कर दिया.
कैश वैन लूटकांड से जुड़ा मामला
पुलिस के मुताबिक, मारे गए दोनों बदमाश कैश वैन लूटकांड में शामिल थे. जुबेर और समीर नाम के इनामी अपराधियों को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया. इन पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था. मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने इलाके को घेरकर आरोपियों को पकड़ने की कोशिश की थी, लेकिन उन्होंने भागने के लिए गोलियां चलाईं.
लूट की पूरी कहानी
पूछताछ में सामने आया कि इस वारदात में कुल छह लोग शामिल थे. मोहम्मद रिजवान कैश वैन की रेकी करता था. पिछले छह महीनों से बदमाश कैश वैन पर नजर रख रहे थे. 6 मई को एचपी पेट्रोल पंप के पास बिना नंबर प्लेट वाली बलेनो कार से वे कैश वैन का इंतजार कर रहे थे. जैसे ही कैशियर और गनमैन एटीएम में कैश डालने गए, बदमाशों ने ड्राइवर को निशाना बनाया और कैश वैन लेकर दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे की ओर भाग निकले.
पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी
इस एनकाउंटर में डीसीपी धवल जयसवाल, एडीसीपी क्राइम पीयूष सिंह और स्वाट टीम प्रभारी अनिल राजपूत की टीम शामिल रही. थाना सिहानी गेट प्रभारी कुलदीप दीक्षित और एसओ वेव सिटी मानवेंद्र सिंह भी इस अभियान का हिस्सा थे. पुलिस कमिश्नर जे रविंदर गौड के कार्यकाल में यह छठवां बड़ा एनकाउंटर है.
ये भी पढ़ें-वंदे भारत का विजय रथ! 20 कोच होने के बावजूद 98% ऑक्यूपेंसी, कश्मीर के लिए बनी नई लाइफलाइन
घायल पुलिसकर्मी
मुठभेड़ के दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं. फिलहाल उनका इलाज चल रहा है. पुलिस का कहना है कि अपराधियों को पकड़ने के लिए लगातार अभियान जारी रहेगा.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.
