Bharat Express DD Free Dish
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

पीएम मोदी ने अचानक वाराणसी मेयर और जिलाधिकारी को फोन कर क्या बात की?

वाराणसी में गंगा और वरुणा नदी में आई बाढ़ पर पीएम मोदी ने मेयर और डीएम को फोन कर हालात का जायजा लिया. पीएम ने 17 राहत शिविरों की जानकारी ली और बच्चों-बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए.

बिमलेन्द्र राय/वाराणसी: पीएम मोदी भले ही दिल्ली में हों, लेकिन उनके दिल में हमेशा अपनी ‘काशी’ बसती है. वाराणसी में गंगा और वरुणा नदी के उफान से बिगड़े बाढ़ के हालातों पर प्रधानमंत्री सीधी नजर बनाए हुए हैं. गुरुवार को पीएम मोदी ने वाराणसी के महापौर अशोक तिवारी और जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार को टेलीफोन कर बाढ़ और राहत कार्यों का पल-पल का अपडेट लिया. उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि बाढ़ पीड़ितों के राहत कार्यों में कोई कोताही न बरती जाए और युद्धस्तर पर लोगों की मदद की जाए.

8 मिनट की कॉल, पूछा एक-एक सवाल

सूत्रों के मुताबिक, पीएम मोदी ने सुबह 10:27 बजे महापौर से 3 मिनट और फिर 10:30 बजे डीएम सत्येंद्र कुमार से पूरे 5 मिनट तक बातचीत की. पीएम ने सीधा सवाल किया कि वरुणा नदी में बाढ़ की क्या स्थिति है? कितने गांव और लोग प्रभावित हुए हैं?

इस पर डीएम ने जानकारी दी कि गंगा नदी अपने चेतावनी बिंदु (70.26 मीटर) से 30 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है. गंगा का जलस्तर बढ़ने से पानी वरुणा नदी में पलट रहा है, जिससे वरुणा के तटवर्ती 15 मोहल्लों में भारी बाढ़ आ गई है.

बुजुर्गों का रखा जाए विशेष ध्यान

राहत शिविरों की स्थिति पर सवाल पूछने पर डीएम ने पीएम को बताया कि अब तक 17 राहत शिविर खोले गए हैं, जिनमें 1850 लोगों को सुरक्षित रखा गया है. जरूरत पड़ने पर 61 शिविर तक खोलने की क्षमता प्रशासन के पास है.

इस पर प्रधानमंत्री ने निर्देश दिया कि, “बाढ़ प्रभावित मोहल्लों में बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखा जाए. उन्हें कम से कम परेशानी हो, यह सुनिश्चित करें. जहां भी अतिरिक्त राहत सामग्री की आवश्यकता हो, वहां तुरंत व्यवस्था की जाए और कोई भी जरूरत हो तो मुझे भी बताएं.

वाराणसी में नौका संचालन बंद

लगातार हो रही बारिश के कारण वाराणसी में बाढ़ का खतरा अभी टला नहीं है. गंगा का जलस्तर चेतावनी के निशान को पार कर जाने की वजह से जिला प्रशासन ने घाटों पर नावों के संचालन (Boat Operation) पर पूरी तरह रोक लगा दी है. पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने पुलिस और NDRF की टीमों को बाढ़ प्रभावित 11 इलाकों में 24 घंटे अलर्ट रहने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत एक्शन लेने का निर्देश दिया है. अब पूरी प्रशासनिक मशीनरी पीएम के निर्देशों के बाद और ज्यादा मुस्तैदी से राहत कार्यों में जुट गई है.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Kanya Sumangla Mission Shakti Digital