Ram Mandir Ayodhya CEO List: अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को जल्द ही उसका पहला मुख्य कार्यकारी अधिकारी मिलने वाला है. राम मंदिर के प्रशासन, श्रद्धालुओं के प्रबंधन, सुरक्षा और भविष्य की रणनीतियों को संभालने के लिए चल रही यह लंबी और बहुस्तरीय चयन प्रक्रिया अब अपने आखिरी और सबसे निर्णायक पड़ाव पर पहुंच गई है.
सर्च कमेटी ने 5,585 आवेदकों की भारी-भरकम भीड़ में से महज 3 सबसे योग्य नामों को शॉर्टलिस्ट कर लिया है. अब इन तीन नामों का पैनल ट्रस्ट को सौंपा जाएगा, जो 2 सितंबर को होने वाली अपनी बैठक में किसी एक नाम पर अंतिम मुहर लगाएगा.
5,585 से 3 तक ऐसे पहुंची CEO की रेस (Ayodhya Ram Temple First CEO)
- शुरुआत में 5,585 लोगों ने आवेदन किया
- इनमें से 3,877 ने अपना विस्तृत CV (बायोडाटा) जमा किया
- कड़ी स्क्रूटनी के बाद 1,580 उम्मीदवारों का विस्तृत मूल्यांकन किया गया
- 111 को ऑनलाइन इंटरव्यू के लिए चुना गया
- अंत में महज 16 सबसे योग्य उम्मीदवारों (0.3%) को 11 और 12 अगस्त 2026 को अयोध्या में ‘आमने-सामने’ इंटरव्यू के लिए बुलाया गया
- इंटरव्यू के बाद फाइनल 3 नामों को चुना गया, जिनमें से एक अब CEO होगा
रेस में सेना के दिग्गज, रिटायर IAS और धाकड़ IPS (Ram Mandir CEO Candidates)
राम मंदिर के CEO पद की अहमियत इसी बात से समझी जा सकती है कि अंतिम 16 की लिस्ट में 50 से 70 साल की उम्र के सेना के दिग्गज अधिकारी, रिटायर्ड IAS, IPS और कॉरपोरेट जगत के धुरंधर शामिल थे. इंटरव्यू देने वालों में बिहार के सीनियर IPS (DG) डॉ. परेश सक्सेना और उत्तर प्रदेश के मशहूर पूर्व IG राजेश पांडेय जैसे बड़े नाम शामिल हैं. राजेश पांडेय यूपी कैडर के सबसे सफल पुलिस अधिकारियों में गिने जाते हैं और उन्होंने ही खूंखार गैंगस्टर ‘श्रीप्रकाश शुक्ला’ के एनकाउंटर में अहम भूमिका निभाई थी.
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तीन सदस्यीय कमेटी ने लिया कड़ा इम्तिहान (Ram Mandir CEO Selection Committee)
इस अहम नियुक्ति के लिए बनी तीन सदस्यीय सर्च कमेटी में रिटायर्ड जस्टिस प्रमोद कोहली, रिटायर्ड लेफ्टिनेंट जनरल वीके चतुर्वेदी और न्यूक्लियर साइंटिस्ट डॉ. सुरेश हावड़े शामिल हैं. इस कमेटी ने उम्मीदवारों के अनुभव, नेतृत्व क्षमता, विजन और धार्मिक-सांस्कृतिक संवेदनशीलता को बारीकी से परखा. अब यह कमेटी अपने चुने हुए 3 नाम ट्रस्ट को सौंपेगी. इसके बाद ट्रस्ट फाइनल राउंड का इंटरव्यू लेकर उस एक नाम का ऐलान करेगा, जो राम मंदिर परिसर के दिन-प्रतिदिन के प्रशासन की पूरी कमान संभालेगा. पूरी दुनिया के रामभक्तों की नजरें अब इस बड़े ऐलान पर टिकी हैं.
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