इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भदोही विधायक जाहिद बेग की पत्नी सीमा बेग को बड़ी राहत दी है. मानव तस्करी और बाल श्रम के आरोप में दर्ज मुकदमे में सीमा बेग को सशर्त अग्रिम जमानत मिल गई है. यह आदेश न्यायमूर्ति समीर जैन ने पारित किया है.
गौरतलब है कि विधायक के घर में नाबालिग नौकरानी से घरेलू काम कराए जाने के मामले में 2024 में भदोही कोतवाली में श्रम प्रवर्तन अधिकारी ने सीमा बेग के खिलाफ केस दर्ज कराया था. गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने अग्रिम जमानत याचिका दाखिल की थी.
किशोरी ने प्रताड़ना से किया इनकार
सीमा बेग की ओर से अधिवक्ता जीएस चतुर्वेदी और जीसान मजहर ने दलील दी कि नाबालिग किशोरी ने खुद कहा है कि वह स्वेच्छा से काम कर रही थी, अपने घर भी जाती थी और भाई से मिलती थी. किशोरी ने किसी भी प्रकार की प्रताड़ना से इनकार किया है.
वहीं शासकीय अधिवक्ता ने इन दलीलों को खारिज करते हुए कोर्ट के समक्ष अन्य तथ्य रखे, जिनके आधार पर अभियोजन पक्ष ने गिरफ्तारी की मांग की थी.
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने 7 जुलाई को आदेश सुरक्षित कर लिया था और अब बृहस्पतिवार को आदेश जारी कर दिया गया.
विधायक जाहिद बेग की अर्जी लंबित
इस मामले में भदोही विधायक जाहिद बेग पर भी बाल श्रम और मानव तस्करी के आरोप में श्रम प्रवर्तन अधिकारी ने केस दर्ज कराया है. जाहिद बेग ने भी अग्रिम जमानत के लिए हाईकोर्ट में अर्जी दी है.
कोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब मांगा है और सुनवाई की अगली तारीख 23 जुलाई नियत की है.
भारत एक्सप्रेस
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