Bharat Express DD Free Dish
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

गाजा में फिर इजरायली सेना का तांडव, Air Force की बमबारी में 44 लोगों की मौत, हर तरफ दिख रहा तबाही का मंजर

हमास के वरिष्ठ अधिकारी ताहिर नुनू ने इज़रायली हमलों की निंदा की है. उन्होंने कहा कि यह अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के लिए एक नैतिक परीक्षा है.

Israeli air strike

गाजा पर इजरायल ने की बमबारी.

Israel Hamas War: इज़रायल की वायु सेना ने गाजा पर अब तक के सबसे बड़े हमलों में से एक को अंजाम दिया है. यह हमला 17 जनवरी को युद्ध विराम लागू होने के बाद से सबसे बड़ा माना जा रहा है. गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इन हवाई हमलों में अब तक 44 लोगों की मौत हो चुकी है.

इज़रायल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने कहा कि हमास ने युद्ध विराम को आगे बढ़ाने के अमेरिकी प्रस्तावों को ठुकरा दिया था. इसी कारण इज़रायल ने हमास के खिलाफ फिर से सैन्य अभियान शुरू किया है.

प्रधानमंत्री नेतन्याहू का बयान

एपी की रिपोर्ट के मुताबिक, इज़रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि युद्ध विराम को बढ़ाने को लेकर कोई ठोस प्रगति नहीं हुई. इस वजह से उन्होंने गाजा पर हवाई हमलों का आदेश दिया. हालांकि, यह साफ नहीं है कि यह हमला सिर्फ एक दबाव रणनीति का हिस्सा था या फिर 17 महीने पुराने युद्ध को फिर से तेज करने की शुरुआत.

हमास की प्रतिक्रिया

हमास के वरिष्ठ अधिकारी ताहिर नुनू ने इज़रायली हमलों की निंदा की है. उन्होंने कहा कि यह अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के लिए एक नैतिक परीक्षा है. अब फैसला करना होगा कि क्या वे इज़रायल की हिंसा को बढ़ने देंगे या फिर गाजा में निर्दोष लोगों की जान बचाने के लिए ठोस कदम उठाएंगे. गाजा में जगह-जगह विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं. मध्य गाजा स्थित अल-अक्सा अस्पताल में बड़ी संख्या में एंबुलेंस घायलों को लेकर पहुंचीं.

युद्ध विराम के बाद फिर संघर्ष

करीब दो महीने पहले दोनों पक्षों के बीच युद्ध विराम पर सहमति बनी थी. इस दौरान हमास ने लगभग 2,000 फिलिस्तीनी कैदियों के बदले तीन दर्जन बंधकों को रिहा किया. लेकिन पहले चरण की समाप्ति के बाद से, बाकी 60 बंधकों की रिहाई और संघर्ष को पूरी तरह समाप्त करने के मुद्दे पर कोई सहमति नहीं बन पाई.

यह भी पढ़ें- अबू कताल के बाद अब हाफिज सईद की हत्या…? सेना ने पूरे घर को जेल में किया तब्दील

इज़रायल के प्रधानमंत्री नेतन्याहू पहले ही संकेत दे चुके थे कि वे दोबारा युद्ध शुरू कर सकते हैं. इसी महीने की शुरुआत में उन्होंने गाजा में खाद्य और मानवीय सहायता की आपूर्ति भी रोक दी थी.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Kanya Sumangla Mission Shakti Digital