न्यूयॉर्क इस्कॉन मंदिर में मोहन भागवत का संबोधन
Mohan Bhagwat ISKCON Speech: अमेरिका के न्यूयॉर्क स्थित इस्कॉन मंदिर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने श्रद्धालुओं को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया कृष्णमय है और हमें उनकी चेतना को जगाना होगा. जीवन के विरोधाभासों और विविधताओं के बीच भी यह समझ जरूरी है कि सब कुछ अंततः कृष्ण ही हैं. उन्होंने गीता का संदेश दोहराते हुए कहा कि जीवन से भागना नहीं चाहिए बल्कि डटकर कर्तव्य निभाना चाहिए. अगर यह विचार हर दिल तक पहुंच जाए, तो दुनिया सचमुच एक बेहतर जगह बन सकती है.
कॉर्पोरेट उदाहरण से समझाया
भागवत ने कहा कि जैसे किसी कंपनी में डायरेक्टर और CEO योजना बनाते हैं और कर्मचारी मिलकर उसे पूरा करते हैं, वैसे ही हम सब भी एक साझा लक्ष्य के लिए काम कर रहे हैं. जब सबको यह एहसास होता है कि वे दिव्य सेवा में लगे हैं, तो प्रगति की गति बढ़ जाती है. उन्होंने इस्कॉन मंदिर आने वाले लोगों को बधाई दी कि उन्हें रोजाना कृष्ण चेतना से जुड़ने का अवसर मिलता है. साथ ही उन्होंने RSS की शताब्दी का उल्लेख करते हुए कहा कि संगठन समाज को उच्च चेतना तक ले जाने का प्रयास कर रहा है.
VIDEO | New York: Addressing the gathering at the Bhakti Center, RSS Chief Mohan Bhagwat says, "The entire world is Krishna, and we must awaken to his consciousness. We are all one, navigating the dualities of this world with the deep understanding that despite the vast… pic.twitter.com/HR8OUHOvAX
— Press Trust of India (@PTI_News) August 28, 2026
प्रभुपाद की विरासत
मोहन भागवत ने न्यूयॉर्क के 26 सेकंड एवेन्यू का दौरा किया, जहां स्वामी प्रभुपाद ने पहला इस्कॉन मंदिर स्थापित किया था. इस मौके पर उन्होंने बेघर लोगों के लिए चलाए जा रहे भोजन वितरण कार्यक्रम में भी हिस्सा लिया. यह कार्यक्रम इस्कॉन की 60वीं वर्षगांठ का हिस्सा था.
गौरंग दास ने क्या कहा?
इस्कॉन की गवर्निंग बॉडी कमीशन (GBC) के सदस्य गौरंग दास ने कहा कि यह गर्व की बात है कि मोहन भागवत मंदिर आए. उन्होंने बताया कि 1966 में श्रील प्रभुपाद ने न्यूयॉर्क में इस्कॉन की स्थापना की थी. इस साल RSS अपनी 100वीं वर्षगांठ और इस्कॉन अपनी 60वीं वर्षगांठ मना रहा है.
सेवा और सामाजिक बदलाव पर चर्चा
गौरंग दास ने कहा कि भागवत के साथ तीन विषयों आध्यात्मिकता, सेवा और सामाजिक बदलाव पर चर्चा हो रही है. उन्होंने बताया कि ‘जीरो हंगर न्यूयॉर्क’ अभियान के तहत अब तक 1,00,000 प्लेट भोजन परोसा गया है और भागवत ने इस उपलब्धि का उद्घाटन किया.
सनातन धर्म को घर-घर तक ले जाने की योजना
भागवत की यात्रा के दौरान इस बात पर भी चर्चा हुई कि हिंदू सनातन धर्म को हर घर तक कैसे पहुंचाया जाए और लोगों को इसे रोजमर्रा की जिंदगी में अपनाने के लिए कैसे प्रेरित किया जाए. गौरंग दास ने कहा कि हम उनके आभारी हैं कि उन्होंने समय निकालकर मंदिर का दौरा किया और अपने संबोधन से सभी को प्रेरित किया.
ये भी पढ़ें-नेपाल आपदा के बीच WHO ने बढ़ाया मदद का हाथ: 1.5 लाख डॉलर की फंड रिलीज, 10 हजार लोगों के लिए भेजी दवाएं
अंतर-धार्मिक सम्मेलन
कार्यक्रम के बाद अगले दिन एक अंतर-धार्मिक सम्मेलन आयोजित होगा जिसमें RSS प्रमुख मोहन भागवत, इस्कॉन और अन्य धार्मिक संगठन शामिल होंगे.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.



