Bharat Express DD Free Dish
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

यूपी-हिमाचल समेत 4 राज्यों में बारिश का कहर, 89 लोगों की हुई मौत, पंजाब-हरियाणा में अब बीमारियों का ख़तरा

पंजाब के बाढ़ प्रभावित जिलों से 25,000 से अधिक लोगों को तो हरियाणा में 5,300 से अधिक लोगों को जलभराव वाले इलाकों से सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है.

लगातार बारिश और यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने से राष्ट्रीय राजधानी के कई हिस्सों में अभी भी जलभराव की स्थिति बनी हुई है. दिल्ली में आज सुबह 6 बजे यमुना नदी का जलस्तर 206.14 मीटर दर्ज़ किया गया.यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने से जलभराव की स्थिति से सामान्य जीवन प्रभावित है. वहीं देश के अन्य राज्यों पंजाब, यूपी, हिमाचल और हरियाणा में प्रकृति के इस कहर से 89 लोगों की मौत हो चुकी है. इनमें केवल पंजाब और हरियाणा में 55 लोगों की मौत हो चुकी है. इसमें पंजाब में 29 और हरियाणा में 26 लोगों की मौत हुई है. वहीं मध्य प्रदेश के सागर शहर में भारी बारिश से बाढ़ जैसे स्थिति बन गई है. शहर के निचले इलाकों में जलभराव हो गया है. इसके अलावा मथुरा में भी यमुना नदी का जलस्तर प्रयाग घाट पर खतरे के निशान को पार कर गया है.

हिमाचल और यूपी में गई इतनी जानें

हिमाचल के बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में अब तक 24 लोगों के शव मिल चुके हैं. यूपी में भी प्रकृति का कहर जारी है. यहा भी पिछले 24 घंटे से जारी बारिश के चलते 10 लोगों की मौत हो गई. हिमाचल के सीएम सुक्खू ने बताया कि जिन लोगों के घर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उन्हें हमने 1,45,000 रुपये दिए हैं. जिनके घर आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं, उन्हें 1 लाख रुपये का मुआवजा दिया गया है.

पंजाब में बचाव कार्य जारी

पंजाब के भी कई इलाकों में पानी भरने से लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है. पंजाब और हरियाणा में इस सप्ताह भारी बारिश के कारण कई इलाको में बाढ़ का पानी घरों तक घुस आया है. हालांकि यहां भी कुछ इलाकों में जल का स्तर कम होना शुरू हो गया है. दोनों राज्यों के बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्य जारी है. मिली जानकारी के अनुसार पंजाब के 14 और हरियाणा के 13 जिले बारिश से प्रभावित हुए हैं.

घग्गर नदी खतरे के निशान से ऊपर खनौरी के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-71 सहित कुछ सड़कें बाढ़ के पानी के कारण क्षतिग्रस्त होने के कारण यातायात के लिए बंद कर दी गईं हैं. पंजाब के पटियाला जिले में शुतराना, समाना और सनौर सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्र हैं. पंजाब के बाढ़ प्रभावित जिलों से 25,000 से अधिक लोगों को तो हरियाणा में 5,300 से अधिक लोगों को जलभराव वाले इलाकों से सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है. वहीं शनिवार को पंजाब के मनसा जिले में घग्गर नदी के बांध में भी पानी के दबाव के चलते दरारें आ गईं. जिसके चलते हरियाणा की सीमा से लगे कई गांवों में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है.

कानपुर में गंगा बैराज से छोड़ा गया पानी

भारी बारिश के चलते कानपुर में गंगा बैराज पर भी दबाव बढ़ गया. शनिवार की शाम को बैराज से रिकॉर्ड 2.46 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है.बताया जा रहा है कि इसका असर शहर में कटरी के गांवों के अलावा उन्नाव के शुक्लागंज और फतेहपुर और गंगा किनारे स्थित प्रयागराज और वाराणसी पर पड़ेगा. सिंचाई विभाग के
अधिकारियों द्वारा सभी संबंधित शहरों को अलर्ट भेज दिया है.

इसे भी पढ़ें: मेरठ में हाईटेंशन तार से कावड़ियों के डीजे टकराने की घटना, अब तक 5 श्रद्धालुओं की मौत, 15 जख्मी

दिल्ली में आज भी बारिश की संभावना

दिल्ली में ITO, मयूर विहार और राजघाट के कई इलाकों में कुछ दिनों के लगातार जलभराव की स्थिति बनी हुई है. दिल्ली में कई जलभराव वाले इलाके से लोगों के एनडीआरएफ की टीम सुरक्षित जगहों पर पहुंचाने में लगी हुई है. वहीं इन सबके बीच दिल्ली में मौसम विभाग ने आज भी बारिश की संभावना जताई है. हालांकि राहत की बात यह है कि हथिनीकुंड बैराज से पानी की मात्रा कम होने के बाद धीरे-धीरे दिल्ली में यमुना का जलस्तर घट रहा है. वहीं देश के तमाम हिस्सों में जलभराव के बाद अब बीमारियों का भी खतरा मंडरा रहा है.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Kanya Sumangla Mission Shakti Digital