Urdu Conclave 2026

देवघर हवाई अड्डा मामला: भाजपा सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को सुप्रीम कोर्ट से मिली बड़ी राहत

देवघर हवाई अड्डे मामले में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिल गई है. सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड सरकार की ओर से दायर याचिका को खारिज कर दिया है.

Relief to Nishikant Dubey, Manoj Tiwari and

निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को राहत

Edited by Akansha

देवघर हवाई अड्डे मामले में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिल गई है. सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड सरकार की ओर से दायर याचिका को खारिज कर दिया है. जस्टिस अभय एस. ओका और जस्टिस ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह ने झारखंड सरकार को इजाजत दे दिया है कि वो इस मामले में एयरक्राफ्ट एक्ट के तहत उचित ऑथिरिटी के सामने रख सकती है.

निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी को मिली राहत

झारखंड हाई कोर्ट ने भाजपा सांसद निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को यह कहते हुए रद्द कर दिया था कि विमान (संशोधन) अधिनियम, 2020 के अनुसार इस मामले में जांच के लिए कोई पूर्व मंजूरी नही ली थी. मामले की सुनवाई के दौरान झारखंड सरकार की ओर से दलील दी गई थी कि इस मामले में जांच जारी रखने के लिए संबंधित ऑथोरिटी से मंजूरी लेने की आवश्यकता नहीं है. जिससे संबंधित दस्तावेजो को सुप्रीम कोर्ट ने तलब किया था.

जबरन हवाई उड़ान भरने का मामला

वही निशिकांत दुबे और मनोज तिवारी की ओर से पेश वकील ने कहा था कि इस तरह के मामले में जांच जारी रखने के लिए संबंधित ऑथरिटी से मंजूरी लेना पड़ता है. और इसी आधार पर झारखंड हाई कोर्ट ने यह फैसला दिया है. दोनों सांसदों पर आरोप है कि इन्होंने सितंबर 2022 में देवघर हवाई अड्डे पर सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया. साथ ही एटीसी को निजी विमान को उड़ान भरने की इजाजत देने के लिए धमकी दी और मजबूर किया.

यह भी पढ़ें: महिला DSP ने सुप्रीम कोर्ट का किया रुख, IPS अधिकारी पर शादी का झूठा वादा कर लगाया रेप का आरोप

हाई कोर्ट ने एफआईआर किया रद्द

झारखंड हाई कोर्ट ने एफआईआर को रद्द करते हुए कहा था कि आईपीसी अपराध लागू नहीं होते हैं. क्योंकि एक विशेष अधिनियम, यानी विमान अधिनियम 1934 है. वहीं सांसद निशिकांत दुबे ने इस एफआईआर के खिलाफ झारखंड हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी. इस पर सुनवाई के बाद 13 मार्च 2023 को हाई कोर्ट ने निशिकांत दुबे, मनोज तिवारी, कपिल मिश्रा सहित नौ लोगों के खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द कर दिया था.

-भारत एक्सप्रेस 



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read