Delhi Riots 2020: कड़कड़डूमा कोर्ट ने दिल्ली दंगे के एक मामले में अभियुक्त को शत्रुता व उपद्रव फैलाने के जुर्म में तीन साल की सजा सुनवाई है.
साथ ही कोर्ट ने 25 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है. कड़कड़डूमा कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश परवीन सिंह ने अभियुक्त लोकेश कुमार सोलंकी को जुर्माने की राशि अदा करने के बाद उसे रिहा करने का आदेश दिया क्योंकि वह न्यायिक हिरासत के दौरान ही तीन साल से अधिक समय जेल में बिता चुका है.
आईपीसी की धारा 153A और 505 के तहत दोषी करार
अदालत ने उसके जेल में बिताए समय को सजा माना और रिहा करने का आदेश दिया. अदालत ने 5 जून को दोषी ठहराए गए अभियुक्त के बारे में कहा कि वैसे लोगों के प्रति किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जानी चाहिए, क्योंकि उसने तनावपूर्ण समय में मुस्लिम समुदाय के प्रति घृणा पैदा करने वाले संदेश फैलाकर लोगों को उनके खिलाफ अपराध करने के लिए उकसाया है. उसने पहले मौजूदा तनाव को और भड़काया था.
अदालत ने उसे आईपीसी की धारा 153 ए (धर्म, जाति, जन्म स्थान, निवास, भाषा आदि के आधार पर विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढावा देना और सद्भाव के लिए हानिकारक कार्य करना) और धारा 505 (सार्वजनिक उपद्रव पैदा करने के लिए बयान देना) के तहत दोषी ठहराया था.
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-भारत एक्सप्रेस
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