(PC: भारत एक्सप्रेस)
UP News:फिरोजाबाद/विष्णु कुमार: उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद स्थित सरकारी ट्रॉमा सेंटर में इलाज के दौरान मरीज की मौत के बाद परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा. परिजनों ने अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया और डॉक्टरों व स्टाफ पर संगीन आरोप लगाते हुए धरने पर बैठ गए. इस घटना से अस्पताल प्रबंधन और स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.
फिरोजाबाद के सरकारी ट्रॉमा सेंटर में मानसिक रूप से परेशान अजय कुमार की इलाज के दौरान मौत हो गई. परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों और स्टाफ ने मरीज के हाथ-पैर बांधकर मारपीट की थी, जिसकी शिकायत उन्होंने डीएम से भी की थी. मौत के बाद आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल में धरना देकर सख्त कार्रवाई की मांग की है.
मानसिक बीमारी का इलाज कराने आए मरीज की मौत
फिरोजाबाद के रहने वाले अजय कुमार को उनके परिजन मानसिक अस्वस्थता का इलाज कराने के लिए सरकारी ट्रॉमा सेंटर लेकर आए थे. परिजनों की उम्मीद थी कि अस्पताल में अजय का बेहतर इलाज होगा, लेकिन उपचार के दौरान ही मरीज की मौत हो गई. मौत की खबर मिलते ही गुस्साए परिजनों ने ट्रॉमा सेंटर में जोरदार हंगामा शुरू कर दिया और लापरवाही का आरोप लगाते हुए अस्पताल में ही धरना देकर बैठ गए.
डॉक्टरों पर हाथ-पैर बांधकर मारपीट का आरोप
मृतक अजय कुमार के परिजनों ने डॉक्टरों और फार्मासिस्ट पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं. परिजनों का कहना है कि जब अजय को अस्पताल लाया गया, तो डॉक्टरों और कर्मचारियों ने उनके हाथ-पैर बांध दिए और उनके साथ मारपीट की. परिजनों ने इस मामले में बीते दिन जिलाधिकारी (DM) से भी मुलाकात कर दोषी डॉक्टरों व फार्मासिस्ट के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की लिखित शिकायत दर्ज कराई थी.
अखाड़ा बना ट्रॉमा सेंटर, स्वास्थ्य व्यवस्था की कार्यप्रणाली कटघरे में
इलाज के केंद्र की जगह मारपीट का अखाड़ा बनने के आरोपों से घिरे फिरोजाबाद ट्रॉमा सेंटर की व्यवस्थाओं पर अब बड़े सवाल उठ रहे हैं. मरीज की मौत के बाद अस्पताल का माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है. पीड़ित परिवार न्याय की मांग पर अड़ा है और दोषी स्वास्थ्यकर्मियों पर निलंबन व FIR दर्ज करने की मांग कर रहा है. घटना के बाद से ही जिला प्रशासन और पुलिस विभाग मामले को शांत कराने में जुटा हुआ है.
-भारत एक्सप्रेस
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