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मनी ट्रांसफर में होगा क्रांतिकारी बदलाव, दुबई में यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस में भारतीय डाक और जापान डाक के बीच सहयोग की रूपरेखा तैयार

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जापान के आंतरिक मामलों और संचार राज्य मंत्री मसाशी अदाची के साथ बातचीत की. दोनों नेताओं ने दुबई में यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस में भारतीय डाक और जापान डाक के बीच सहयोग की रूपरेखा तैयार की.

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने दुबई में आयोजित 28वें यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस में भारत का नेतृत्‍व किया. इस दौरान उन्‍होंने डाक नवाचार और डिजिटल सहयोग को बढ़ावा देने के लिए जापान के आंतरिक मामलों और संचार राज्य मंत्री मसाशी अदाची के साथ बातचीत की. दोनों नेताओं ने दुबई में यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस में भारतीय डाक और जापान डाक के बीच सहयोग की आगे की रूपरेखा तैयार की.

यूपीआई-यूपीयू (UPI-UPU) इंटीग्रेशन परियोजना भारत में बाहर से आने वाले मनी ट्रांसफर में क्रांतिकारी बदलाव लाने की एक परिवर्तनकारी पहल है. डाक विभाग (डीओपी), एनपीसीआई इंटरनेशनल पेमेंट्स लिमिटेड (एनआईपीएल) और यूपीयू के नेतृत्व में इस सहयोग का उद्देश्य भारत के यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) को यूपीयू इंटरकनेक्शन प्लेटफॉर्म (आईपी) के साथ मूलरूप से एकीकृत करना है.

यह एकीकरण भारतीय प्रवासियों के लिए घर पैसे भेजने के लिए एक सुरक्षित, कुशल और किफायती माध्यम बनाने का वादा करता है, जिससे लाखों परिवारों को लाभ होगा और आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा.

 ज्योतिरादित्य सिंधिया ने यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस में दिया संबोधन

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने आयोजित यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस के दौरान भाषण दिया, जिसमें उन्‍होंने आधुनिक, विश्वसनीय और समावेशी डाक इकोसिस्टम के लिए भारत के दृष्टिकोण को रेखांकित किया. इस संबोधन में डाक सेवाओं को बढ़ाने और वैश्विक स्तर पर वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने के लिए प्रौद्योगिकी का लाभ उठाने की भारत की प्रतिबद्धता पर प्रकाश डाला.

यूनिवर्सल पोस्टल कांग्रेस के दौरान महत्वपूर्ण कार्यक्रम यूपीआई-यूपीयू इंटीग्रेशन परियोजना के आधिकारिक लॉन्च होने की उम्मीद है, जो भारत में बाहर से आने वाले मनी ट्रांसफर में सहयोग और इनोवेशन की शक्ति को प्रदर्शित करेगा.

भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने भारत की विशेषज्ञता को साझा करने, संभावित साझेदारियों का पता लगाने और डाक क्षेत्र में नवीन समाधानों को अपनाने को बढ़ावा देने के लिए 192 सदस्य देशों के प्रतिनिधियों के साथ सक्रिय रूप से सहभागिता दी.

भारत सतत भविष्य के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है

भारत ने यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन की प्रशासन परिषद और डाक परिचालन परिषद के लिए अपनी उम्मीदवारी की पेशकश की है, जिसमें बड़े पैमाने पर वितरण, डिजिटल परिवर्तन को आगे बढ़ाने और स्थिरता को बढ़ावा देने पर केंद्रित सार्थक साझेदारियों के लिए समर्थन मांगा गया है, जिसका उद्देश्य वैश्विक व्यापार में समान अवसर प्रदान करना, वैश्विक साझेदारों से सीखकर क्षमता निर्माण करना है ताकि अंतर्राष्ट्रीय डाक सहयोग को और मजबूत किया जा सके.

भारत सरकार के डाक विभाग की सचिव वंदिता कौल ने कहा कि भारत वैश्विक डाक समुदाय के साथ मिलकर एक अधिक संबद्ध, समावेशी और सतत भविष्य के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है. उन्होंने आगे कहा कि यूपीयू कांग्रेस साझेदारी और ज्ञान साझा करने के लिए एक अमूल्य मंच प्रदान करती है और हम इस महत्वपूर्ण आयोजन की सफलता में योगदान देने के लिए तत्पर हैं.


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-भारत एक्सप्रेस



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