Bharat Express DD Free Dish
Pension Mission Shakti Digital
Pension Mission Shakti Digital

मोहन भागवत के बाद धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने दिया बच्चों को लेकर बड़ा बयान, कहा- संख्या नहीं, संस्कार और विचारधारा महत्वपूर्ण

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा, “परिवार में बच्चों की संख्या से अधिक उनके संस्कार और विचारधारा पर ध्यान देना चाहिए. भले ही एक ही बच्चा हो, लेकिन वह अपनी संस्कृति और धर्म के प्रति कट्टर होना चाहिए.

Dhirendra Krishna Shastri

मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले के करैरा में इन दिनों बागेश्वर धाम (Bageshwar Dham) के पीठाधीश पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री (Pandit Dhirendra Krishna Shastri) श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन कर रहे हैं.  रामराजा गार्डन में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत में कई विषयों पर अपनी राय रखी. बातचीत करते हुए पंडित शास्त्री ने कहा, “परिवार में बच्चों की संख्या से अधिक उनके संस्कार और विचारधारा पर ध्यान देना चाहिए. भले ही एक ही बच्चा हो, लेकिन वह अपनी संस्कृति और धर्म के प्रति कट्टर होना चाहिए.” ” बच्चों की संख्या महत्वपूर्ण नहीं है. क्वांटिटी से ज्यादा क्वालिटी बेहतर है.”

परिवार की मजबूती के लिए अधिक बच्चे जरूरी

अपने बयान को विस्तार देते हुए उन्होंने कहा, “आज के समय में परिवारों का विखंडन बढ़ रहा है. चाचा, बुआ और मौसी जैसे रिश्ते समाप्त होते जा रहे हैं. यदि हिंदू परिवारों में तीन-चार बच्चे नहीं होंगे, तो हमारी कुटुंब प्रणाली कमजोर होती जाएगी. यह केवल हिंदू समाज के लिए ही नहीं, बल्कि संपूर्ण समाज के लिए चिंताजनक है.” पंडित शास्त्री का यह बयान आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत (RSS chief Mohan Bhagwat) के हालिया बयान का समर्थन करता नजर आया.

जान से मारने की धमकी पर जवाब

मीडिया बातचीत के दौरान पंडित शास्त्री ने उन्हें जान से मारने की धमकी देने वाले कट्टरपंथी बलजिंदर परवाना के बयान का भी उत्तर दिया. उन्होंने स्पष्ट किया, “हमने यूपी के संभल जिले के हरिहर मंदिर को लेकर बयान दिया था, लेकिन परवाना जी ने इसे गलत संदर्भ में लिया और Golden Temple (हरमंदिर साहिब) से जोड़ दिया. दरअसल, जामा मस्जिद (Jama Masjid) के पास हरिहर मंदिर (Harihar Temple) के प्राचीन अवशेष मिले हैं. यदि कोर्ट की अनुमति मिलेगी, तो हम वहां प्राण प्रतिष्ठा करेंगे.”

हिंदू और सिख समुदाय में एकता का संदेश

सिख समुदाय से जुड़े सवालों पर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा, “हरमंदिर साहिब और सिख गुरुओं के प्रति हमारी अपार श्रद्धा है. हम सपने में भी उनके लिए गलत विचार नहीं ला सकते. हिंदू और सिख भाई-भाई हैं. इन्हें कभी अलग नहीं किया जा सकता.”

इस दौरान पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने हिंदू धर्म की एकता, परिवार की मजबूती और धार्मिक सद्भावना बनाए रखने की अपील की. उनके बयान ने एक बार फिर धार्मिक और सामाजिक चर्चा को जन्म दिया है.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Pension Mission Shakti Digital