Bhojpuri Vulgarity Ban In Bihar: मुजफ्फरपुर/मनोज: भोजपुरी सिनेमा (Bhojpuri Cinema), जिसका नाम सुनते ही कभी मन में ‘ढ़ोढ़ी’, ‘चोली’, और डबल मीनिंग वाले फूहड़ गानों की छवि उभर आती थी, अब वो दौर खत्म होने वाला है. बिहार की नई एनडीए (NDA) सरकार ने भोजपुरी इंडस्ट्री में अश्लीलता (Vulgarity) की जड़ें काटने का सख्त फैसला कर लिया है. ‘सम्राट’ सरकार के नए कला-संस्कृति मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी ने मुजफ्फरपुर के बाबा गरीबनाथ मंदिर से पूरे भोजपुरी समाज और गायकों को एक कड़ा अल्टीमेटम दे दिया है कि फूहड़ गाना बजाया या बनाया, तो होगी सीधी और सख्त कार्रवाई.
गानों ने डुबोई थी भोजपुरी की साख (Bhojpuri Vulgarity Ban)
एक वक्त था जब भिखारी ठाकुर और शारदा सिन्हा जैसे दिग्गजों ने भोजपुरी लोकगीतों के जरिए दुनिया भर में बिहार की संस्कृति का मान बढ़ाया था. लेकिन पिछले कुछ सालों में चंद रातों में स्टार बनने की चाह में गायकों ने भोजपुरी संगीत को ‘ढ़ोढ़ी’, ‘चोली’ और ‘लहंगा’ तक समेट कर रख दिया था.
डबल मीनिंग और अश्लील वीडियो के कारण सभ्य समाज और परिवार ने भोजपुरी गानों से दूरी बना ली थी. महिलाओं और लड़कियों को इन गानों के बजने पर शर्मिंदा होना पड़ता था. लेकिन अब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की नई सरकार ने इस ‘सांस्कृतिक प्रदूषण’ को खत्म करने की ठान ली है.
सीएम सम्राट के मंत्री का अल्टीमेटम (Bihar Government On Bhojpuri Vulgarity)
मुजफ्फरपुर के प्रसिद्ध बाबा गरीबनाथ मंदिर में मत्था टेकने पहुंचे खान एवं भूतत्व और कला-संस्कृति मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी ने पत्रकारों से बातचीत में फूहड़पन पर कड़ा प्रहार किया. मंत्री ने साफ कर दिया कि कला मन की शांति और समाज को जोड़ने के लिए होती है, न कि समाज में विकृति पैदा करने के लिए. उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा-
‘बिहार अपनी समृद्ध संस्कृति और गौरवशाली इतिहास के लिए जाना जाता है. कुछ लोग फूहड़ गानों के जरिए समाज में गंदगी फैला रहे हैं, जो बिल्कुल स्वीकार्य नहीं है. अगर कहीं भी फूहड़ गाना बजता हुआ पाया गया या उसे सार्वजनिक रूप से बढ़ावा दिया गया, तो सरकार उसे कतई नहीं बख्शेगी.’
क्या सुधरेगी भोजपुरी इंडस्ट्री? (Bhojpuri industry clean)
सरकार के इस सख्त रुख के बाद अब मुजफ्फरपुर समेत पूरे बिहार के सांस्कृतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है. माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में सार्वजनिक कार्यक्रमों, डीजे (DJ) और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर बजने वाले विवादित गानों पर शिकंजा कसा जाएगा. कला-संस्कृति विभाग जल्द ही इस संबंध में एक नई नियमावली और सख्त दिशा-निर्देश जारी कर सकता है.
ये भी पढ़ें: CM शुभेंदु अधिकारी पर दीदी का प्लान-B: क्या है TMC चौकड़ी जिसपर हार के बाद ममता ने जताया भरोसा?
अगर सरकार अपने वादे पर कायम रहती है, तो यह भोजपुरी इंडस्ट्री के लिए एक टर्निंग पॉइंट साबित होगा. फूहड़पन हटने से साफ-सुथरे गीतकारों और गायकों को मौका मिलेगा, जिससे भोजपुरी इंडस्ट्री एक बार फिर से परिवार के साथ बैठकर देखने और सुनने लायक बनेगी.
अवैध खनन माफियाओं को भी चेतावनी (Action against vulgar Bhojpuri songs)
कला-संस्कृति के अलावा, अपने दूसरे विभाग (खान एवं भूतत्व) को लेकर भी मंत्री चंद्रवंशी ने कड़े तेवर दिखाए. उन्होंने अवैध खनन करने वाले माफियाओं को सीधे चेतावनी देते हुए कहा कि वे या तो सुधर जाएं या बिहार छोड़ दें. उन्होंने कहा कि यह सम्राट चौधरी की सरकार है. पुलिस को खुली छूट दी गई है. अब न पैसा काम आएगा और न ही किसी की पैरवी. इसके साथ ही, बंगाल में बीजेपी की जीत पर खुशी जताते हुए उन्होंने इसे ‘सनातनियों की जीत’ बताया और कहा कि अब बंगाल में भी विकास की नई गंगा बहेगी.
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

