Bharat Express DD Free Dish
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

पीएम मोदी और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति रामफोसा ने की द्विपक्षीय बैठक, एस जयशंकर भी रहे मौजूद

दक्षिण अफ्रीका में आयोजित जी20 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा की द्विपक्षीय बैठक हुई. बैठक में विदेश मंत्री एस. जयशंकर सहित भारतीय प्रतिनिधिमंडल मौजूद रहा.

इस बैठक के दौरान भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर और विदेश मंत्रालय के सचिव (आर्थिक संबंध) सुधाकर दलेला और दूसरे अधिकारी भी मौजूद रहे. दोनों देशों के बीच हुई इस बैठक को लेकर दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति कार्यालय की तरफ से पोस्ट साझा की गई.

राष्ट्रपति रामफोसा और पीएम मोदी के बीच हुई इस बैठक में न सिर्फ मौजूदा द्विपक्षीय संबंधों के स्टेटस पर बात हुई, बल्कि सुरक्षा को लेकर आपसी सहयोग और लोगों से लोगों की कनेक्टिविटी जैसे अन्य क्षेत्रों में सहयोग पर भी बात हुई.

बैठक की वीडियो के साथ पोस्ट के कैप्शन में लिखा गया, “जी20 में रामाफोसा की द्विपक्षीय बैठक. दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा द्वारा होस्ट किए गए जी20 समिट के मौके पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक कर रहे हैं.”

बता दें, पीएम मोदी शनिवार को दक्षिण अफ्रीका पहुंचे. इस दौरान उनका जोहान्सबर्ग के नैसरेक में राष्ट्रपति रामफोसा ने गर्मजोशी से स्वागत किया. पीएम मोदी ने जोहान्सबर्ग में जी20 लीडर्स समिट के पहले दिन के दोनों सेशन को संबोधित किया. अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने मजबूत वैश्विक सहयोग, डिजास्टर रेजिलिएंस, और सस्टेनेबल डेवलपमेंट की जरूरत पर जोर दिया.

वहीं अपने दो सेशन का अनुभव साझा करते हुए पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा, “जोहान्सबर्ग में कल जी20 समिट की कार्यवाही अच्छी रही. मैंने दो सेशन में हिस्सा लिया और खास मुद्दों पर अपने विचार साझा किए. दुनिया के कई नेताओं के साथ अच्छी बैठक भी हुईं.”

जी20 शिखर सम्मेलन में शामिल नेताओं ने शनिवार को जी20 सम्मेलन में डिजास्टर रेजिलिएंस, डेब्ट सस्टेनेबिलिटी, एनर्जी ट्रांजिशन, और जरूरी मिनरल्स पर सहमति बनाई. इसके साथ ही सभी नेताओं ने जी जी20 साउथ अफ्रीका समिट के घोषणापत्र पर सहमति जताई.

डिक्लेरेशन को समिट के शुरू होने पर अपनाया गया. बता दें, इस बैठक का आयोजन दो दिवसीय है. आज रविवार को इस समिट का दूसरा दिन है. जी20 का आयोजन जोहान्सबर्ग में एकजुटता, समानता और सस्टेनेबिलिटी थीम पर हो रहा है.

छोटे देशों की सुरक्षा पर ध्यान

सिन्हुआ न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक, घोषणापत्र में चेतावनी दी गई है कि लगातार और तेजी से आ रही आपदाएं विकास को कमजोर कर रही हैं. इसकी वजह से रिस्पॉन्स सिस्टम पर बहुत ज्यादा दबाव पड़ रहा है.

जी20 में शामिल नेताओं ने कहा कि आपदाएं सतत विकास की तरफ तरक्की में रुकावट डालती हैं और देश की क्षमताओं और इंटरनेशनल सिस्टम की रिस्पॉन्स करने की क्षमता, दोनों पर दबाव डालती हैं.

इन नेताओं ने लोगों पर केंद्रित दृष्टिकोण अपनाने का आह्वान किया. खासतौर से कमजोर छोटे द्वीपीय विकासशील देशों और सबसे कम विकसित देशों के लिए मजबूत आपदा प्रतिरोधक क्षमता और प्रतिक्रिया की आवश्यकता पर जोर दिया.

बैठक के दौरान एनर्जी एक्सेस और ट्रांजिशन पर भी खास बातचीत हुई. घोषणापत्र में उन असमानताओं पर जोर दिया गया है, जिसमें कहा गया है कि 600 मिलियन से ज्यादा अफ्रीकियों के पास बिजली नहीं है.

ये भी पढ़ें- चंडीगढ़ विवाद पर गृह मंत्रालय का बयान, मौजूदा व्यवस्था में नहीं होगा कोई बदलाव

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Kanya Sumangla Mission Shakti Digital