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विमान में मलेशिया से छिपाकर भारत लाए गए 2,447 दुर्लभ कछुए, त्रिची एयरपोर्ट पर कस्टम विभाग ने जब्त किए

हजारों कछुए मले​शिया के कुआलालंपुर से अवैध तरीके से भारत लाए गए थे, कस्टम डिपार्टमेंट के अधिकारियों ने इन्हें एक यात्री के चेक-इन लगेज से बरामद किया.

विदेशी कछुए

विदेशी कछुए (प्रतीकात्मक तस्वीर)

Indian Customs Department Action: त्रिची अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कस्टम विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 2,447 जीवित कछुओं को जब्त किया है. ये कछुए कुआलालंपुर से आए एक यात्री (पैक्स) के चेक-इन लगेज में पाए गए.

घटना का विवरण

कस्टम अधिकारियों ने नियमित जांच के दौरान यात्री के सामान को स्कैन किया. स्कैनिंग में कुछ संदिग्ध गतिविधि नजर आई, जिसके बाद अधिकारियों ने सामान की गहन तलाशी ली. तलाशी के दौरान अधिकारियों को 2,447 जीवित कछुए मिले, जिन्हें अत्यंत संकुचित और अमानवीय परिस्थितियों में रखा गया था.

कछुए किस प्रजाति के हैं?

जब्त किए गए कछुओं की प्रजातियों के बारे में अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है. हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि ये कछुए संरक्षित प्रजातियों के हो सकते हैं, जिन्हें तस्करी के माध्यम से लाया जा रहा था.

कस्टम अधिकारियों की कार्रवाई

यात्री को तुरंत हिरासत में ले लिया गया और उसके खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 और अन्य संबंधित कानूनों के तहत मामला दर्ज किया गया है. तस्करी में शामिल अन्य संभावित लोगों का पता लगाने के लिए जांच जारी है.

कछुओं की तस्करी का मामला

भारत में कछुओं की तस्करी एक गंभीर मुद्दा है. इन्हें मुख्य रूप से पारंपरिक दवाओं, भोजन और पालतू जानवरों के रूप में बेचने के लिए अवैध रूप से तस्करी किया जाता है. इस घटना से न केवल वन्यजीव संरक्षण पर, बल्कि अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क पर भी सवाल उठते हैं.

अधिकारियों की अपील

कस्टम अधिकारियों ने जनता से अपील की है कि वे वन्यजीवों की तस्करी के खिलाफ सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत संबंधित विभाग को दें.

यह घटना पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण की आवश्यकता को एक बार फिर उजागर करती है. तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना और आम जनता को जागरूक करना इस समस्या को हल करने के लिए जरूरी है.

  • भारत एक्सप्रेस


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