देश

जहां श्रीकृष्ण ने सीखीं 14 विद्या, 64 कलाएं..अब उसी नगरी से तय होगा दुनिया का समय? नए CM मोहन यादव ने विधानसभा में बताया प्लान

MP News: उज्जैन नगर जिसे पहले उज्जयिनी और अवंतिकापुरी कहा जाता था, भगवान कृष्ण की शिक्षास्थली रही है. श्रीकृष्ण, बलराम और उनके सखा सुदामा ने लगभग 5500 साल पहले यहीं महर्षि सांदीपनि के आश्रम में विद्या ग्रहण की थी. अब मध्य प्रदेश सरकार इस धर्मनगरी के कायाकल्प में जुट गई है.

मध्य प्रदेश के नए सीएम मोहन यादव का कहना है ​कि हमारी सरकार प्राइम मेरिडियन, देशांतर की रेखा जिसे समय के लिए वैश्विक संदर्भ के रूप में उपयोग किया जाता है, को इंग्लैंड के ग्रीनविच से उज्जैन तक ट्रांसफर करने के लिए काम करेगी. उन्होंने दावा किया कि दुनिया का मानक समय लगभग 300 साल पहले भारत द्वारा निर्धारित किया जाता था. सीएम ने कहा— “समय का पता लगाने वाला तब का एक यंत्र उज्जैन में अभी भी मौजूद है.”

उज्जैन से तय होता था दुनिया का समय

सीएम मोहन यादव ने विधानसभा में संबोधन देते हुए कहा, “अब से 300 बरसे पहले तक भारत का टाइम स्टैंडर्ड दुनिया में माना जाता था, लेकिन काल के प्रवाह में जब हम गुलाम हुए तो फ्रांस की राजधानी पेरिस से स्टैंडर्ड टाइम तय होता रहा. उसके बाद अंग्रेज इसे ग्रीनविच ले गए और वहां से दुनिया का स्टैंडर्ड टाइम तय करने लगे. अब आप ये अंदाजा लगा सकते हैं.”

CM मोहन यादव करवाएंगे वेधशाला में शोध

सीएम मोहन यादव ने कहा— “हम दुनिया का समय ठीक करने के लिए उज्जैन की वेधशाला (लेबोरेटरी) में शोध करेंगे. वहां IIT और IIM के शोधकर्ता अध्ययन करेंगे और एक मंच तैयार करेंगे. ये विषय… जो हमने रखा है इसमें दुनिया के कई देश हमें समर्थन करेंगे.. यहां तक कि चीन और पाकिस्तान जैसे देश भी उनमें शामिल होंगे.

यह भी पढ़िए— गीता जयंती आज: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह कुरुक्षेत्र आए, बोले- भारत की महान संस्कृति को आगे बढ़ा रही BJP, दुनिया को गीता ज्ञान की जरूरत

यहीं पर था महर्षि सांदीपनि का आश्रम

सनातन धर्म के श्रीमद्भागवत महापुराण के अनुसार, द्वापर युग में श्रीकृष्ण और बलराम…दोनों भाई मथुरा में अपने कुलगुरु गर्गमुनि से परामर्श कर अवंतिकापुरी स्थित महर्षि सांदीपनि के आश्रम पहुंचे थे. यही अवंतिकापुरी आज उज्जैन कही जाती है और आज भी वहां सांदीपनि आश्रम है. माना जाता है कि इसी आश्रम में शिक्षा ग्रहण करते हुए श्रीकृष्ण महज 64 दिनों में 64 कलाएं सीख ली थीं. उन्हें 14 विद्या मिलीं.

— भारत एक्सप्रेस

Vijay Ram

'भारत एक्सप्रेस' में चीफ सब एडिटर। न्‍यूज वेबसाइट पर एवरग्रीन स्‍टोरीज, क्रिएटिव/स्‍पेशल प्रजेंटेशन, हाइलाइट्स के अगुआ। संस्‍था के शुरुआती दौर से दिन-रात हर मौके पर दम-दिमाग झोंककर स्वयं को तपाया। अब तक 8,000 से ज्‍यादा पोस्ट्स पब्लिश कर चुके, 1K+ बाइलाइन हुईं। 'भारत एक्सप्रेस' के CMD एवं एडिटर-इन-चीफ उपेन्द्र राय जी के प्रोग्राम्स (कॉन्क्लेव), और आर्टिकल्‍स को Bharatexpress.com पर प्रमुखता से कवर करते हैं। जर्नलिज्‍म में इनके 10+ वर्ष बीते। यहां से पहले एबीपी इंटरनेशनल, वनइंडिया हिंदी, राजस्‍थान पत्रिका और भास्कर ग्रुप में सेवा दे चुके। देश-विदेश, सैन्य-रणनीति, स्पेस साइंस, ऑफबीट, धर्म-अध्यात्म की खबरों में रुचि।

Recent Posts

200 करोड़ के सुकेश चंद्रशेखर ठगी मामले में नोरा फतेही को समन, 2 नवंबर को कोर्ट में गवाही देने के निर्देश

200 करोड़ रुपये के सुकेश चंद्रशेखर ठगी मामले में राऊज एवेन्यू कोर्ट ने बॉलीवुड अभिनेत्री…

4 hours ago

क्या अमित शाह ने यूपी में योगी के नेतृत्व पर लगा दी है मुहर? समझिए पूरा समीकरण

अमित शाह के लखनऊ दौरे और प्रदेश कार्यसमिति बैठक के बाद साफ है कि यूपी…

4 hours ago

DHFL घोटाला: राऊज एवेन्यू कोर्ट का बड़ा फैसला, सीबीआई की चार्जशीट संशोधन की अर्जी निरस्त

दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट ने DHFL घोटाले के मुख्य आरोपी वधावन बंधुओं पर अतिरिक्त…

5 hours ago

युवा वकीलों को इलाहाबाद हाई कोर्ट की नसीहत, कहा- गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वकीलों को जबरन अदालत में पेश होने से रोके जाने पर कड़ी…

5 hours ago