Bharat Express DD Free Dish

महाकाल की सवारी में दिखा अनोखा नजारा, रामघाट पर हाईटेक रोबोट ने पढ़े शिव मंत्र; वीडियो वायरल

उज्जैन में बाबा महाकाल की शाही सवारी के दौरान रामघाट पर हाईटेक रोबोट ने भगवान शिव और महाकाल की महिमा का बखान किया.

रिपोर्ट- मनोज भटनागर


उज्जैन: बाबा महाकाल की शाही सवारी हमेशा से ही श्रद्धालुओं के लिए आस्था और भक्ति का बड़ा अवसर रही है. लेकिन इस बार उज्जैन की सड़कों पर निकली सवारी में एक ऐसा नजारा भी देखने को मिला, जिसने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है. रामघाट पर एक हाईटेक रोबोट ने भगवान शिव और महाकाल की महिमा का वर्णन किया तो वहां मौजूद लोग कुछ देर के लिए बस उसे देखते ही रह गए.

महाकाल की सवारी के दौरान रामघाट पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे. इसी बीच जब रोबोट ने स्पष्ट आवाज में धार्मिक मंत्रों का उच्चारण शुरू किया, तो लोगों की उत्सुकता और बढ़ गई. कई श्रद्धालु अपने मोबाइल फोन निकालकर इस अनोखे दृश्य को रिकॉर्ड करने लगे. रोबोट का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से फैलने लगा है.

रोबोट ने किया महाकाल का गुणगान

रोबोट ने सबसे पहले “पाताले हटकेश्वरम, मृत्यु लोके महाकाल लिंग त्रय नमोस्तुते” मंत्र का उद्घोष किया. इसके बाद उसने भगवान शिव के महाकाल स्वरूप के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि देवों के देव महादेव मृत्यु लोक में महाकालेश्वर के रूप में विराजमान हैं.

रोबोट ने अपनी प्रस्तुति में महाकाल की उस मान्यता का भी उल्लेख किया, जिसके अनुसार बाबा महाकाल अपने भक्तों को अकाल मृत्यु और जीवन के संकटों से बचाते हैं. मशीन से इतने सहज और धार्मिक अंदाज में शिव महिमा सुनना वहां मौजूद लोगों के लिए अपने आप में एक अलग अनुभव था.

इस दृश्य ने सिर्फ आम श्रद्धालुओं का ही ध्यान नहीं खींचा, बल्कि मौके पर मौजूद कई अधिकारियों और अन्य लोगों के लिए भी यह कौतूहल का विषय बन गया. परंपरागत धार्मिक आयोजन के बीच आधुनिक तकनीक का ऐसा इस्तेमाल लोगों को खासा पसंद आया.

श्रद्धालुओं के लिए भेजीं मंगलकामनाएं

रोबोट ने सिर्फ भगवान महाकाल की महिमा का वर्णन ही नहीं किया, बल्कि सवारी में शामिल श्रद्धालुओं और दर्शन के लिए पहुंचे लोगों का स्वागत भी किया. उसने सभी दर्शनार्थियों के लिए मंगलकामनाएं प्रेषित करते हुए उनकी यात्रा सुखद और मंगलमय होने की कामना की. साथ ही भक्तों की मनोकामनाएं पूरी होने के लिए प्रार्थना भी की.

महाकाल की शाही सवारी में जहां एक ओर सदियों पुरानी धार्मिक परंपराएं और आस्था नजर आईं, वहीं दूसरी तरफ रोबोट के रूप में आधुनिक तकनीक की मौजूदगी ने इस आयोजन को एक अलग रंग दे दिया है.

यह भी पढ़ें:  ‘एक हो जाओ वरना मिट जाओगे’, ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई ने मुसलमानों को क्यों दी एकता की नसीहत?

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read