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Delhi Old Rajendra Nagar Accident: कोचिंग सेंटर हादसे के बाद गिरफ्तार आरोपियों की जमानत याचिका पर अदालत इस तारीख को सुनाएगी फैसला

Delhi Old Rajendra Nagar Accident: 27 जुलाई को भारी बारिश के बाद दिल्ली के ओल्ड राजिंदर नगर में राऊ के आईएएस स्टडी सर्किल के बेसमेंट में पानी घुस जाने से तीन स्टूडेंट्स की मौत हो गई थी. इस मामले में कई गिरफ्तारियां हुई हैं.

The Rouse Avenue Court delhi

राजधानी दिल्ली स्थित राऊज एवेन्यू कोर्ट

Vijay Ram Edited by Vijay Ram

दिल्ली के ओल्ड राजेन्द्र नगर में कोचिंग सेंटर के बेसमेंट में पानी भरने की मौत के मामले में गिरफ्तार सह मालिकों की ओर से दायर जमानत याचिका पर दोनों पक्षो की जिरह के बाद राऊज एवेन्यू कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है. कोर्ट 23 अगस्त को फैसला सुनायेगा. चारों सह मालिकों ने 6 अगस्त को राऊज एवेन्यू कोर्ट में जमानत याचिका दायर की थी. उनकी पहचान परविंदर सिंह, तजिंदर सिंह, हरविंदर सिंह और सरबजीत सिंह के रूप में हुई है.

आरोपियों पर 27 जुलाई को पुलिस स्टेशन राजिंदर नगर में दर्ज मामले में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 की धारा 105, 106 (1), 115 (2), 290 और 3 (5) के तहत मामला दर्ज किया गया है. आरोपियों को 28 जुलाई को गिरफ्तार किया गया था.

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उच्च न्यायालय के 2 अगस्त के मामले की जांच सीबीआई को सौंपने संबंधी आदेश के बाद तीस हजारी स्थित सत्र न्यायालय ने 5 अगस्त, 2024 के आदेश के माध्यम से उचित न्यायालय में जाने की स्वतंत्रता के साथ जमानत याचिका खारिज कर दी थी. इससे पहले मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट ने 31 जुलाई, 2024 को उनके आवेदनों को खारिज कर दिया था.

आरोपियों ने इस आधार पर जमानत मांगी है कि मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट ने इस तथ्य पर विचार नहीं किया कि आवेदक का नाम एफआईआर में नहीं था और आवेदक अन्य सह-मालिकों के साथ खुद नेकदिल बनकर पुलिस स्टेशन गए और जांच अधिकारी की हिरासत में रहे इस तथ्य के बावजूद कि आईओ ने उन्हें बुलाया तक नहीं था जो स्पष्ट रूप से आवेदकों की ईमानदारी को दर्शाता है.

Rouse Avenue Court

आवेदन में कहा गया है कि ट्रायल कोर्ट ने आरोपी व्यक्तियों द्वारा रिकॉर्ड पर रखे गए सबमिशन और सामग्री पर विचार नहीं किया. यह भी कहा गया है कि मजिस्ट्रेट कोर्ट ने पंजीकृत लीज डीड और उसकी शर्तों पर विचार नहीं किया, जो कानून की नजर में न्यायिक पवित्रता रखते हैं और सह-मालिकों की स्थिति और स्थान पर महत्वपूर्ण प्रभाव डालते हैं. उन्होंने कहा कि अदालत इस तथ्य पर विचार करने में विफल रही और इस तथ्य की सराहना नहीं की कि आवेदक ने कोचिंग सेंटर चलाने के लिए केवल बेसमेंट और तीसरी मंजिल को पट्टे पर दिया था, जो एमसीडी के मानदंडों के अनुसार अनुमेय गतिविधि है.

आरोपी व्यक्तियों ने आगे कहा कि जमानत आवेदनों को खारिज करते समय, अदालत ने इस तथ्य पर विचार नहीं किया कि बीएनएस अधिनियम की धारा 105 (हत्या के बराबर न होने वाली गैर इरादतन हत्या) के तहत प्रावधान का आह्वान किसी भी तरह से आवेदक और अन्य सह-स्वामियों के खिलाफ मामले के दिए गए तथ्यों का ध्यान आकर्षित नहीं करता है, क्योंकि उनका कभी भी ऐसा कोई इरादा नहीं था और न ही उन्हें ऐसा कोई ज्ञान था.

27 जुलाई को भारी बारिश के बाद ओल्ड राजिंदर नगर में राऊ के आईएएस स्टडी सर्किल के बेसमेंट में पानी घुस जाने से उत्तर प्रदेश की श्रेया यादव (25), तेलंगाना की तान्या सोनी (25) और केरल के नेविन डेल्विन (24) नामक तीन आईएएस उम्मीदवार डूब गए.

— भारत एक्सप्रेस



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