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UP News: सिंगर से रेप मामले में पूर्व विधायक विजय मिश्रा को 15 साल की सजा, 1 लाख 10 हजार का जुर्माना भी लगा

Vijay Mishra Jail: पीड़ित गायिका ने विजय मिश्रा के बेटे और पोते ने भी रेप करने का आरोप लगाया था, लेकिन ये दोनों कोर्ट से बरी हो गए हैं.

फोटो-सोशल मीडिया

Rakesh Kumar Edited by Rakesh Kumar

Vijay Mishra Jail:  उत्तर प्रदेश के भदोही जिले की ज्ञानपुर विधानसभा सीट से विधायक रहे विजय मिश्रा (Vijay Mishra ) को सिंगर रेप मामले में MP-MLA कोर्ट ने 15 साल की सजा सुनाई है. इसी के साथ उनके ऊपर कोर्ट ने एक लाख दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है. इस मामले में पीड़िता को 8 साल बाद न्याय मिला है.

बता दें कि वाराणसी की रहने वाली गायिका ने गोपीगंज कोतवाली में साल 2020 में रेप का मुकदमा दर्ज कराया था और पूर्व विधायक विजय मिश्रा पर आरोप लगाया था कि उन्होंने साल 2014 के लोकसभा चुनाव प्रचार के लिए उसे घर बुलाकर रेप किया. इसी के साथ ही उनके बेटे विष्णु मिश्रा और पोते विकास मिश्रा पर भी दुष्कर्म और धमकी देने के मामले में अक्टूबर 2020 में केस दर्ज कराया था. वहीं अब कोर्ट ने इस मामले में पूरी सुनवाई की है और फैसला सुनाते हुए पूर्व विधायक विजय मिश्रा को 15 साल की सजा सुनाई है. वहीं विजय मिश्रा पर 1 लाख 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है.हालांकि कोर्ट ने इस मामले में विजय मिश्रा के बेटे और नाती ज्योति उर्फ विकास मिश्रा को सबूत के अभाव में बरी कर दिया है.

पीड़िता ने ये लगाया है आरोप

इस मामले में पीड़िता ने आरोप लगाया है कि साल 2014 में लोकसभा चुनाव के दौरान विजय  मिश्रा ने सपा प्रत्याशी सीमा मिश्रा के लिए चुनाव प्रचार करने के लिए बुलाया था. इस सम्बंध में विजय मिश्रा ने उनको अपने आवास पर बुलाया था और फिर रेप की घटना को अंजाम दिया था. जबकि उन्होंने इसका विरोध किया था. इसके बाद विजय मिश्रा ने पीड़िता को रेप के बाद बेटे और पोते से वाराणसी छोड़ने के लिए कहा. पीड़िता ने आरोप लगाया कि रास्ते में इन दोनों ने भी उसके साथ रेप किया था.

इन दोनों को कोर्ट ने किया बरी

वहीं खबर सामने आ रही है कि, शुक्रवार को एमपी एमएलए कोर्ट के न्यायाधीश सुबोध सिंह ने जहां एक ओर पूर्व विधायक विजय मिश्रा को सजा सुनाई है तो वहीं साक्ष्यों के अभाव में बेटे और पोते को बरी कर दिया है. इस मामले में शासकीय अधिवक्ता का बयान सामने आया है, जिसमें कहा गया है कि, विजय के बेटे और पौत्र को मामले में संदेह का लाभ मिला है.

-भारत एक्सप्रेस



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