Bharat Express DD Free Dish

अहमदाबाद एयर इंडिया हादसे को लेकर सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हुई जनहित याचिका, बोइंग विमानों के उड़ान पर रोक की मांग

अहमदाबाद से लंदन जा रही एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 दुर्घटना को लेकर सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई है. याचिका में बोइंग विमानों का सुरक्षा ऑडिट पूरा होने तक उड़ानों पर रोक लगाने और DGCA दिशा-निर्देशों की चूक की जांच की मांग की गई है.

Ahmedabad Plane Crash

अहमदाबाद से लंदन जा रही एयर इंडिया की दुर्घटनाग्रस्त विमान हादसे को लेकर सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका दाखिल की गई है. हालही में एयर इंडिया की विमान AI-171 दुर्घटनाग्रस्त हो गया था, जिसमें से एक यात्री को छोड़कर सभी की मौत हो गई थी.

सुप्रीम कोर्ट में दाखिल जनहित याचिका में एयर इंडिया के बोइंग विमानों का सुरक्षा ऑडिट पूरा होने तक परिचालन को निलंबित करने की मांग की गई है. याचिका में अंतरराष्ट्रीय मार्गो पर वाणिज्यिक विमानों के संचालन के लिए अनिवार्य नियामकीय नियमों और विनियमों के प्रभावी परिवर्तन की मांग की गई है.

याचिका में नियामकीय सुधारों की गई मांग

याचिका में कहा गया है कि एक समाचार पत्र द्वारा DGCA के दिशा निर्देशों के पालन में हुई चूक और अहमदाबाद हादसे का हवाला दिया गया है, जिसके चलते नागरिकों के जीवन पर मंडरा रहे खतरे को रेखांकित किया गया है. दायर जनहित याचिका में केंद्र सरकार, एयर इंडिया, नागर विमानन महानिदेशालय और ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्योरिटी को पार्टी बनाया गया है.

याचिकाकर्ता के मुताबिक वह 20 मई 2025 को दिल्ली से शिकागो जाने वाली एयर इंडिया की फ्लाइट AI 127 में बिजनेस क्लास में यात्रा की थी. उस दौरान वह पाया कि फ्लाइट इंटरटेनमेंट सिस्टम पूरी तरह से काम नही कर रहा है. ना ही सीट ठीक था. 18 घंटे की यह सफर काफी असुविधाजनक था.

याचिका में कहा गया है कि सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से सर्कुलेट हो रहे वीडियो से पता चलता है कि विमान दुर्घटना से पहले भी केबिन सिस्टम में खराबी देखने को मिला था. इस घटना ने एयर इंडिया की सुरक्षा, विश्वनीयता पर सवाल खड़ा करता है. प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक यह स्पष्ट होता है कि एयर इंडिया द्वारा DGCA द्वारा निर्धारित नियमों के तहत वैज्ञानिक जांच में चूक हुई है.

सोशल मीडिया वीडियो और रिपोर्टों ने उठाए सवाल

25 अगस्त 2023 में एक समाचार में प्रकाशित लेख के मुताबिक इन विमानों के.संचालन में व्यापक खामियों को उजागर करता है. इस प्रकार की चूक सभी हवाई यात्रा करने वाले सभी यात्रियों और आम जनता के जीवन के लिए गंभीर खतरा पैदा करता है., क्योंकि वे अपने निजी और व्यावसायिक कार्यों के लिए यात्रा करते है, लेकिन DGCA और अन्य प्राधिकरणों द्वारा निर्धारित सभी नियमों और दिशा निर्देशों के पालन में चूक के चलते लोगों का जीवन जोखिम में डाला जा रहा है.

बता दें कि अहमदाबाद एयरपोर्ट से विमान भरने के महज 5 मिनट बाद ही यह विमान शहर के मेघाणी नगर इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हो गया. इस विमान में 242 यात्री और 10 क्रू सदस्य सवार थे. इनमें 53 ब्रिटिश, 7 पुर्तगाली और एक कनाडाई नागरिक था.

अधिकत्तर शव बुरी तरह से झुलस चुके है. इनकी पहचान करना मुश्किल है. इस विमान में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी के अलावा कई बिजनेस टायकून भी सवार थे. इनमें कार्गों मोटर के प्रमुख नंदा और ल्यूबी के डायरेक्टर सुभाष अमीन भी शामिल थे. विमान की कमान कैप्टन सुमित सभरवाल के पास थी और उसके साथ फर्स्ट ऑफिसर क्लाईव कुंदर थे.

ये भी पढ़ें: सिंगल मदर के बच्चों को OBC प्रमाणपत्र देने के नियमों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, केंद्र और राज्यों से मांगा जवाब

-भारत एक्सप्रेस 



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read