Bharat Express DD Free Dish

दिल्ली हाई कोर्ट ने माफीनामे से संबंधित दिए गए हलफनामे को स्वीकार करने से किया इनकार

दिल्ली हाई कोर्ट ने टीएमसी सांसद साकेत गोखले द्वारा दाखिल माफीनामे से संबंधित हलफनामे को खारिज कर दिया है. कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जब तक नया हलफनामा दाखिल नहीं किया जाता, तब तक सुनवाई नहीं हो सकती. यह मामला पूर्व राजनयिक लक्ष्मी पूरी पर मानहानिकारक टिप्पणी से जुड़ा है, जिसमें गोखले को 50 लाख रुपये हर्जाना देने और सार्वजनिक माफी मांगने का आदेश दिया गया था.

Delhi High Court

दिल्ली हाई कोर्ट.

Edited by Akansha

दिल्ली हाई कोर्ट ने टीएमसी सांसद और राज्य सभा सांसद साकेत गोखले द्वारा दिए गए माफीनामे से संबंधित हलफनामे को अस्वीकार कर दिया है. कोर्ट ने नए सिरे से माफीनामा देने को कहा है। कोर्ट ने यह भी साफ कर दिया है कि जब तक नए सिरे से हलफनामा दाखिल नही किया जाता तब तक सुनवाई नही हो सकती. कोर्ट ने साकेत गोखले द्वारा दिए गए माफीनामे से संबंधित हलफनामे के पैरा 4 पर आपत्ति जताई है.

 50 लाख रुपये हर्जाने का निर्देश

कोर्ट ने कहा कि फिलहाल इसे रिकॉर्ड पर नही लिया जा सकता है. सिंगल बेंच ने गोखले के पूर्व राजनयिक लक्ष्मी पूरी को कथित मानहानि के लिए 50 लाख रुपये का हर्जाना अदा करने और माफीनामा प्रकाशित करने का निर्देश दिया था.

पोस्ट बना विवाद की जड़

गोखले ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि उन्होंने 13 और 23 जून 2021 को लक्ष्मी पूरी पर विदेश में गलत और बिना सबूत के संपत्ति खरीदने का आरोप लगाया था, जिसके लिए वे माफी मांगते है. दिल्ली हाई कोर्ट के सिंगल बेंच ने गोखले को सार्वजनिक माफी मांगने और लक्ष्मी पूरी को 50 लाख रुपए का हर्जाना देने का निर्देश दिया था.

साथ ही कोर्ट ने गोखले को आगे कोई मानहानिकारक टिप्पणी करने पर रोक लगा दिया था और आदेशों की अवहेलना पर सिविल डिटेंशन की चेतावनी दी थी. गोखले ने यह सार्वजनिक माफीनामा तब जारी किया गया जब कोर्ट ने यह पाया कि गोखले ने जुलाई 2024 के।फैसले और मई 2025 में दी गई।समयसीमा का पालन नहीं किया गया है. पिछली सुनवाई में गोखले ने कोर्ट को बताया था कि वह सिंगल-जज के निर्देशानुसार माफी प्रकाशित करेंगे. एक जुलाई के आदेश का अनुपालन नहीं करने पर लक्ष्मी पूरी ने साकेत गोखले के विरुद्ध अवमानना याचिका दायर की है.


ये भी पढ़े: राष्ट्रपति पर आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर खड़गे पर बीजेपी का पलटवार, माफी और इस्तीफे की मांग तेज


भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read