किन्नर अखाड़े की महामंडलेश्वर साध्वी यमाई ममतानंद गिरि.
Mamta Kulkarni Visit To Kalki Dham: किन्नर अखाड़े की महामंडलेश्वर साध्वी यमाई ममतानंद गिरि, जिन्हें ममता कुलकर्णी के नाम से जाना जाता है, 1 जून 2025 को श्री कल्कि धाम में ‘शिला दान’ समारोह में शामिल होंगी. यह कार्यक्रम सम्भल के एन्चोड़ा कंबोह में स्थित श्री कल्कि धाम में प्रातः 10 बजे आयोजित होगा.
श्री कल्कि धाम सेवा समिति द्वारा आयोजित इस पावन आयोजन में साध्वी ममतानंद गिरि की उपस्थिति को लेकर भक्तों में उत्साह है. कुछ ही देर पहले ममता कुलकर्णी ने श्री कल्कि धाम की अपनी यात्रा के बारे में मीडिया से बातचीत की.
ममता ने कहा, “मैं कल श्री कल्कि धाम के लिए प्रस्थान कर रही हूं. मैं मां भगवती का अंश हूं और जगत जननी ने मुझे ऐसे ही पुण्य कार्यों के लिए धरती पर भेजा है. इस साल मैं प्रयागराज महाकुंभ में स्नान करने गई थी, लेकिन वहां से मैं महामंडलेश्वर बनकर लौटी. यह सब मां भगवती का आदेश है. शायद यह भी मां का ही निर्देश हो कि मैं कल श्री कल्कि धाम में शिलादान के लिए जा रही हूं.”

मुझे 25 साल की तपस्या का फल मिला: ममता
ममता ने हाल ही में अपने महामंडलेश्वर पद को लेकर हुए विवाद पर भी चुप्पी तोड़ी. उन्होंने कहा, “यह सब भगवान के हाथ में था. 25 साल की तपस्या का फल मुझे मिला है.”
श्री कल्कि धाम सेवा समिति ने इस आयोजन के लिए व्यापक तैयारियां की हैं. समिति ने सभी भक्तों और श्रद्धालुओं से इस पावन अवसर पर उपस्थित रहने की अपील की है. ममता कुलकर्णी का यह आध्यात्मिक सफर और श्री कल्कि धाम में उनकी भागीदारी उनके भक्तों के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बन रहा है.

अभिनय छोड़कर आध्यात्मिक जीवन अपनाया
ममता कुलकर्णी, जो कभी बॉलीवुड की जानी-मानी अभिनेत्री थीं, ने अभिनय छोड़कर आध्यात्मिक जीवन अपनाया और किन्नर अखाड़े में महामंडलेश्वर के पद को ग्रहण किया. उनके इस निर्णय और पद को लेकर पिछले कुछ महीनों से विवाद चल रहा था, जिस पर उन्होंने अब खुलकर अपनी बात रखी है.
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