Vaibhav Suryavanshi Dropped: 11 जुलाई को साउथम्प्टन में खेले गए आखिरी टी20 मुकाबले में 15 साल के वैभव सूर्यवंशी को प्लेइंग-11 से बाहर कर दिया गया. उनकी जगह संजू सैमसन को मौका मिला. वैभव ने सीरीज में तीन मैच खेले और कुल 42 रन बनाए थे. उनकी बल्लेबाजी में आक्रामकता दिखी लेकिन इंग्लिश गेंदबाजों की तेज उछाल के सामने वह संघर्ष करते नजर आए.
गावस्कर की नाराजगी
महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर इस फैसले से खुश नहीं दिखे. उनका कहना था कि सीरीज का नतीजा पहले ही तय हो चुका था ऐसे में वैभव को एक और मौका दिया जाना चाहिए था. गावस्कर ने कहा कि उसे टीम में नहीं देखना निराशाजनक है. उन्होंने यह भी कहा कि व्हाइट बॉल क्रिकेट में सलामी बल्लेबाज जरूरत पड़ने पर मिडिल ऑर्डर में भी खेल सकते हैं.
मौका गंवाने की बात
गावस्कर ने साफ कहा कि अगर यह करो या मरो का मैच होता तो अनुभवी खिलाड़ी को खिलाना समझ आता लेकिन इस मुकाबले का सीरीज पर कोई असर नहीं था. उन्होंने इसे टीम मैनेजमेंट की गलती बताया और कहा कि हमने एक बड़ा मौका खो दिया.
युवा खिलाड़ी को संभालने की अपील
गावस्कर ने वैभव की उम्र का जिक्र करते हुए टीम मैनेजमेंट से उसे सही तरीके से संभालने की अपील की. उन्होंने कहा कि किसी को उसके कंधे पर हाथ रखकर समझाना चाहिए कि यह अंत नहीं है. सिर्फ तीन मैचों के बाद 15 साल के खिलाड़ी को बाहर करना कठोर फैसला है.
संजू सैमसन की फॉर्म पर सवाल
वैभव की जगह लौटे संजू सैमसन का यूरोप दौरा अच्छा नहीं रहा था. उन्होंने पिछले मैचों में 5, 0 और 1 रन बनाए थे. ऐसे में टीम मैनेजमेंट का उन्हें दोबारा मौका देना आलोचना का कारण बना.
इंग्लिश दिग्गज की प्रतिक्रिया
इंग्लैंड के पूर्व स्पिनर ग्रीम स्वान ने भी टीम इंडिया के फैसले पर सवाल उठाए. उनका कहना था कि अगर वैभव को असाधारण प्रतिभा माना जाता है तो उसे सिर्फ तीन मैचों के आधार पर बाहर नहीं करना चाहिए था. स्वान ने कहा कि संजू ने बेहद खराब प्रदर्शन किया जबकि वैभव ने हर मैच में कुछ रन बनाए.
ये भी पढ़ें-प्रशंसक हैरान, अंपायर परेशान! इंग्लैंड के ट्रैफिक में फंस गई टीम इंडिया, जानें क्या है मामला?
सावधानी बरतने की सलाह
स्वान ने वैभव की कम उम्र को ध्यान में रखते हुए टीम मैनेजमेंट को ज्यादा सतर्क रहने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि 15 साल का खिलाड़ी भावनात्मक रूप से पूरी तरह विकसित नहीं होता. ऐसे में उसे बाहर करना उसके आत्मविश्वास को नुकसान पहुंचा सकता है. स्वान ने कहा कि अगर आपके पास इतना युवा और प्रतिभाशाली खिलाड़ी है तो उसे निखारना चाहिए, न कि टीम के खराब प्रदर्शन का शिकार बनाना चाहिए.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.



