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Indian Navy

पाकिस्तान से बढ़ते तनाव के बीच स्वदेशी युद्धपोत INS सूरत के कमांडिंग ऑफिसर ने दिया स्पष्ट संदेश - "हम तैयार हैं". जानिए इस अत्याधुनिक नौसैनिक डिस्ट्रॉयर की खासियतें और इसका रणनीतिक महत्व.

Rafale-M Fighter Jets: आज भारत-फ्रांस के बीच ₹63,000 करोड़ की डील साइन हुई, नौसेना के लिए मिलेंगे 26 राफेल-M फाइटर जेट, जो INS विक्रांत पर तैनात होंगे. समंदर में पाक-चीन को ​दिया जा सकेगा मुंहतोड़ जवाब...

स्वदेशी मिसाइल विध्वंसक जहाज आईएनएस सूरत ने समुद्र में लक्ष्य को सफलतापूर्वक भेदने में कामयाबी हासिल की है. परीक्षण के दौरान भारतीय नौसेना के नवीनतम स्वदेश निर्मित निर्देशित मिसाइल विध्वंसक आईएनएस सूरत ने समुद्र में स्थित एक लक्ष्य पर सटीक हमला किया.

Pahalgam Terror Attack: भारत के जम्मू और कश्मीर के पहलगाम में आतंकवादी हमले में भारतीय नौसेना के लेफ्टिनेंट विनय नारवाल की शहादत पर दिल्ली में श्रद्धांजलि अर्पित की गई. उनकी पत्नी की भावुक प्रतिक्रिया और शहीद की याद में शोक व्यक्त करते हुए भारतीय नौसेना ने परिवार को अपनी संवेदनाएं दी.

Meteorological Cooperation: भारत की जलरूपविज्ञान और मौसम विज्ञान कूटनीति IOR में स्थिरता और सहयोग का नया मॉडल बन रही है. सहयोग, पारदर्शिता और प्रशिक्षण पर आधारित यह नीति क्षेत्रीय देशों को सशक्त कर रही है.

भारत ने स्वदेशी वर्टिकली-लॉन्च शॉर्ट-रेंज सरफेस-टू-एयर मिसाइल (VLSRSAM) का सफल परीक्षण किया. DRDO और भारतीय नौसेना द्वारा किया गया यह परीक्षण कम ऊंचाई और नजदीकी लक्ष्य को भेदने की मिसाइल की क्षमता को साबित करता है.

नौसेना के उप प्रमुख वाइस एडमिरल तरुण सोबती ने कहा, "पिछले 10 वर्षों में भारतीय नौसेना ने 'सागर' (क्षेत्र में सभी के लिए सुरक्षा और विकास) के सरकार के दृष्टिकोण के अनुरूप समुद्री सुरक्षा को बढ़ाने के लिए आईओआर देशों की नौसेनाओं और एजेंसियों के साथ अपनी साझेदारी को गहरा किया है." 

भारतीय नौसेना का पहला प्रशिक्षण स्क्वाड्रन थाईलैंड के सताहिप बंदरगाह पहुंचा, जहां रॉयल थाई नेवी के साथ संयुक्त अभ्यास और रक्षा सहयोग को मजबूत करने पर जोर दिया जाएगा. यह दौरा 'सागर' नीति के तहत समुद्री सुरक्षा और रणनीतिक साझेदारी को सशक्त करेगा.

भारतीय नौसेना ने राफेल-एम जेट्स के लिए 60,000 करोड़ रुपये का सौदा किया है, जो भारतीय वायुसेना के राफेल विमानों की क्षमताओं को भी अपग्रेड करेगा और दोनों सेनाओं की सामरिक ताकत को बढ़ाएगा.

P75(I) प्रोजेक्ट के तहत थिसेनक्रुप मरीन सिस्टम्स और मझगांव डॉकयार्ड लिमिटेड की साझेदारी में छह आधुनिक पारंपरिक पनडुब्बियों का निर्माण किया जाएगा, जो भारतीय नौसेना की क्षमता और आत्मनिर्भरता को मजबूत करेगा.