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अनचाहे कॉल और मैसेज से हैं परेशान तो जल्द मिलेगी निजात, TRAI कर रही नियमों में बदलाव

टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) ने नियमों में बदलाव किया है. अब मोबाइल नंबर सीरीज से यूजर्स ये पहचान सकेंगे की कॉल प्रमोशनल है या फिर जवित्तीय लेनदेन से संबंधित.

(प्रतीकात्मक तस्वीर: Pixabay)

अक्सर मोबाइल उपभोक्ता अनचाहे मैसेज और कॉल से परेशान होते हैं. कई बार तो कॉल ब्लॉक करने के बाद भी फोन आते हैं. ऐसा क्यों होता है और इससे कैसे निजात मिल सकती है, हम आपको इस बारे में बताने जा रहे हैं.

क्या आपको पता है कि ब्लॉक नंबर भी अनब्लॉक हो जाते हैं और दोबारा अपनेआप ब्लॉक नहीं होते बल्कि उन्हें करना पड़ता है. हम बताते हैं कैसे? कई बार White List (यानी सेफ नंबर) में शामिल कं​पनियां आपात (Emergency) स्थितियों का फायदा उठाकर ब्लॉक किए गए नंबरों को दोबारा एक्टिव कर देती हैं.

इस समस्या को दुरुस्त करने के लिए टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) लगातार काम कर रही है और ऐसे मोबाइल यूजर जो अनचाहे कॉल से परेशान हैं, वे आगामी 1 सितंबर से राहत की सांस ले सकते हैं.

कंपनियों को निर्देश

TRAI ने BSNL, Vodafone-Idea, Airtel, Jio समेत सभी टेलीकॉल कंपनियों के लिए एक नई गाइडलाइन जारी की है, जिसे 1 सितंबर को लागू किया जाएगा. इसके अनुसार, कंपनियों को TRAI ने निर्देश दिया है कि 140 से शुरू होने वाली टेलीमार्केटिंग कॉल्स और कॉमर्शियल मैसेजिंग को ब्लॉक चेन आधारित डिस्ट्रिब्यूटेड लेजर टेक्नोलॉजी (DLT) प्लेटफॉर्म पर शिफ्ट किया जाए.

इससे स्पैम और ठगी करने वाली कॉल्स को रोका जा सकेगा, लेकिन DLT पर रजिस्टर्ड कंपनियों के कॉल्स और मैसेजिंग जारी रहेंगे. इससे निजात पाने के लिए यूजर्स को खुद ही नंबर ब्लॉक करने होंगे.


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इस पर ध्यान दें यूजर्स

यूजर्स इस बात पर ध्यान दें कि प्राकृतिक आपदाओं, आंतरिक या बाह्य सुरक्षा के निर्देशों या अन्य जरूरी जानकारी देने के लिए कुछ अवधि (आमतौर पर 2 घंटे) के लिए नंबरों को अनब्लॉक किया जाता है. इसके बाद ये नंबर खुद से ब्लॉक नहीं होते हैं और मार्केटिंग कंपनियां इसी बात का फायदा उठाती हैं.

ये कार्रवाई हो सकती है

ये कंपनियां फिर आपको मैसेज और कॉल करना शुरू कर देती हैं, जिससे आपको परेशानी का सामना करना पड़ता है. ट्राई के एक अधिकारी ने कहा कि अगर आपात स्थिति का नाजायज फायदा उठाकर मैसेज भेजे जाते हैं, तो संबंधित टेलीमार्केटर कंपनी का सब्सक्रिप्शन एक महीने के लिए रद्द किया जाएगा और गलती दोहराने पर कंपनी को ब्लैक लिस्ट किया जा सकता है.

ऐसे पहचान सकेंगे स्पैम कॉल

समस्या को सुलझाने की दिशा में TRAI ने प्रमोशनल कॉल और मैसेज के लिए नई सीरीज का नंबर जारी किया है. अब 140 नंबर सीरीज से प्रमोशनल वॉयस कॉल वाले मैसेज आएंगे, जबकि 160 नंबर सीरीज से वित्तीय लेनदेन और सर्विस वॉयस कॉल आएंगे. इससे यूजर्स आसानी से पहचान सकेंगे कि कौन सा मैसेज और कॉल प्रमोशनल है और कौन सा जरूरी. इससे फ्रॉड को रोकने में मदद मिलेगी. बताया जा रहा है कि जल्द ही टेलीकॉम कंपनियों को इसके बारे में निर्देश दिए जाएंगे.

-भारत एक्सप्रेस



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