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जम्मू कश्मीर में 18 रोपवे प्रोजेक्ट के प्रस्ताव मिले
Kedarnath Ropeway News: तीर्थ यात्रा करने वाले लोगो के लिए अच्छी खबर है. दरअसल शिवखोड़ी और शंकराचार्य मंदिर, श्रीनगर की यात्रा जल्द ही आसान होने वाली है. इन दोनों तीर्थों के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं को चढ़ाई नहीं करनी पड़ेगी. केंद्र सरकार श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए यहां रोपवे चलाने जा रही है. इसकी प्रक्रिया भी शुरू हो गई है. संभावना है कि वर्ष 2025 तक शिवखोड़ी के लिए रोपवे का संचालन शुरू हो जाएगा.
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के रोपवे का निर्माण कर रहे नेशनल हाईवे लॉजिस्टिक्स मैनेजमेंट लिमिटेड (NHLML) के सीईओ प्रकाश गौड़ ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में 18 स्थानों पर रोपवे के निर्माण के प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं. इनमें शिवखोड़ी और शंकराचार्य मंदिर शामिल हैं.
शिवखोड़ी में एक किमी. लंबा रोपवे बनाया जा रहा है. इसकी अनुमानित लागत करीब 60 करोड़ रुपये है. इसका टेंडर भी जारी कर दिया गया है. वहीं, शंकराचार्य मंदिर श्रीनगर में रोपवे के लिए फिजिबिलिटी रिपोर्ट पर काम शुरू हो गया है. इसकी रिपोर्ट आने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है.
केदारनाथ, हेमकुंड साहिब, वाराणसी रोपवे के निर्माण का कार्य शुरू हो गया है. इससे धार्मिक स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं को राहत मिलेगी. ऐसी संभावना है कि वर्ष 2025 तक वाराणसी और 2026 तक केदारनाथ और हेमकुंड रोपवे का संचालन शुरू हो जाएगा. देश में पहली बार केदारनाथ रोपवे में दुनिया की सबसे सुरक्षित तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा. थ्री एस ट्राई केबल तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा. इसमें केबल कार तीन तारों पर चलेगी. दुनिया में कुछ चुनिंदा जगहों पर इस तकनीक का इस्तेमाल किया गया है.
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