Noida truck drivers strike: दिल्ली एनसीआर क्षेत्र में ट्रक, टैक्सी और ऑटो चालकों की हड़ताल गुरुवार (21 मई) से शुरू हो गई है. बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल और सीएनजी की लगातार बढ़ती कीमतों के विरोध में कमर्शियल वाहन यूनियनों ने 21 से 23 मई तक चक्का जाम और हड़ताल का आह्वान किया है. इस आंदोलन का असर गौतम बुद्ध नगर, नोएडा और ग्रेटर नोएडा में भी देखने को मिला है.
दो दिन तक चक्का जाम
गौतम बुद्ध नगर ट्रक ट्रांसपोर्ट यूनियन ने ऑल इंडिया ट्रांसपोर्ट यूनियन के समर्थन में इस हड़ताल में भागीदारी की है. यूनियन के अध्यक्ष सोनू नागर ने बताया कि जिले में ओवरलोडिंग की समस्या लंबे समय से बनी हुई है, साथ ही पुलिस द्वारा अनावश्यक परेशान किए जाने के आरोप भी लगातार उठते रहे हैं. इन सभी मुद्दों को लेकर ट्रांसपोर्टर्स में नाराजगी बढ़ती जा रही है.
सोनू नागर के अनुसार, हड़ताल के पहले दिन इसका असर सीमित रहा, क्योंकि शुरुआत में सभी चालकों तक सूचना समय पर पहुंचाई जा रही थी. उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ेगा, वाहन चालकों का जुटान तेज होगा और इसका प्रभाव अधिक स्पष्ट दिखाई देगा. उनके अनुसार, आने वाले दो दिनों यानी शुक्रवार और शनिवार को पूरी तरह चक्का जाम और व्यापक हड़ताल की स्थिति बन सकती है.
मांगों पर कब होगी कार्रवाई?
फिलहाल नोएडा और ग्रेटर नोएडा में सामान्य स्थिति बनी हुई है और सड़कों पर ट्रैफिक सामान्य रूप से चल रहा है, लेकिन ट्रांसपोर्ट यूनियनों के रुख को देखते हुए आने वाले दिनों में परिवहन सेवाओं पर बड़ा असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है. माल ढुलाई, सप्लाई चेन और दैनिक आवश्यक वस्तुओं की आवाजाही प्रभावित हो सकती है, जिससे आम जनता को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है.
ये भी पढ़ें: ‘जब तक सैलरी नहीं, तब तक…’, सैलरी नहीं मिलने से NHM कर्मचारी हड़ताल पर, बकाया वेतन को लेकर दफ्तर के बाहर धरना
प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयारियां की जा रही हैं. वहीं ट्रांसपोर्ट यूनियन का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं होती, तब तक विरोध जारी रहेगा.
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.




