उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र में बुधवार (22 अप्रैल 2026) की शाम भक्ति, भाव और आस्था के एक अद्भुत संगम की गवाह बनी. क्षेत्र के नटकुर मैदान में विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह के नेतृत्व में आयोजित भव्य “धर्म उत्सव” और भजन संध्या में लगभग 15 हजार से अधिक श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा. मशहूर भजन गायक कन्हैया मित्तल की मनमोहक प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को राममय कर दिया. इस महाआयोजन के मंच से विधायक राजेश्वर सिंह ने न केवल अपने राजनीतिक विरोधियों पर निशाना साधा, बल्कि श्याम प्रेमियों के लिए एक बहुत बड़ी और ऐतिहासिक घोषणा भी कर दी.
कन्हैया मित्तल के भजनों पर झूमा जनसैलाब
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और किशोर चतुर्वेदी की ऊर्जावान प्रस्तुति के साथ हुई. लेकिन जैसे ही भजन सम्राट कन्हैया मित्तल (Kanhaiya Mittal) मंच पर पहुंचे, पूरा नटकुर मैदान “जय श्री राम” के नारों से गूंज उठा.

उनके सबसे लोकप्रिय भजन “जो राम को लाए हैं, हम उनको लाएंगे” ने उपस्थित 15 हजार से ज्यादा श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया. देर रात तक भक्तगण भक्ति रस में डूबकर झूमते नजर आए. ‘रामरथ श्रवण यात्रा’ के माध्यम से अयोध्या दर्शन कर चुके हजारों श्रद्धालुओं की इस आयोजन में विशेष सहभागिता रही.
खाटू श्याम भक्तों को मिली बड़ी सौगात
इस भक्तिमय माहौल के बीच मंच से एक बड़ा ऐलान हुआ. भजन गायक कन्हैया मित्तल ने अपने संबोधन के दौरान विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह से एक विशेष आग्रह किया. उन्होंने कहा कि जिस प्रकार रामरथ यात्रा के जरिए सरोजनीनगर के लोगों को अयोध्या के दर्शन कराए जा रहे हैं, उसी तर्ज पर लखनऊ से खाटू श्याम जी के लिए भी एक यात्रा शुरू की जानी चाहिए. साथ ही, लखनऊ में एक भव्य खाटू श्याम दरबार स्थापित करने का भी प्रस्ताव रखा.

विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने बिना किसी देरी के इन दोनों प्रस्तावों को मंच से ही सहर्ष स्वीकार कर लिया. उन्होंने ऐलान किया कि सरोजनीनगर में जल्द ही भव्य खाटू श्याम मंदिर का निर्माण होगा और ‘श्याम रथ यात्रा’ की शुरुआत की जाएगी. इस घोषणा का उपस्थित जनसमूह ने जोरदार जयकारों के साथ स्वागत किया.
‘राम द्रोहियों को सरोजनीनगर की धरती पर स्थान नहीं’
सांस्कृतिक और आध्यात्मिक चेतना के इस मंच से विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने कड़े राजनीतिक संदेश भी दिए. उन्होंने राम भक्तों पर गोली चलाने वालों और प्रभु श्रीराम को काल्पनिक बताने वालों पर तीखा प्रहार किया. डॉ. सिंह ने स्पष्ट शब्दों में कहा, “जो लोग राम द्रोही और राष्ट्र द्रोही विचारधारा के साथ हैं, उन्हें सरोजनीनगर की धरती पर कोई स्थान नहीं मिलेगा. हम ऐसी विचारधारा को जड़ से उखाड़ फेंकेंगे.”

उन्होंने सरोजनीनगर को विकास के साथ-साथ ‘सांस्कृतिक और आध्यात्मिक राजधानी’ के रूप में स्थापित करने का अपना संकल्प दोहराते हुए बताया कि क्षेत्र में अब तक 220 मंदिरों का सुंदरीकरण और जीर्णोद्धार (Renovation) किया जा चुका है.
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सुव्यवस्थित सुरक्षा व्यवस्था
इस विराट जन-उत्सव में उत्तर प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना सहित कई वरिष्ठ अतिथियों और गणमान्य नागरिकों ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई. स्थानीय पार्षदों और भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्षों ने भजन गायक कन्हैया मित्तल को पटका और शॉल भेंट कर सम्मानित किया. सुव्यवस्थित सुरक्षा, पार्किंग और पेयजल व्यवस्था के साथ संपन्न हुए इस कार्यक्रम के अंत में हजारों श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया. सरोजनीनगर में हुए इस ऐतिहासिक ‘धर्म उत्सव’ ने इलाके में सांस्कृतिक समरसता और आस्था की एक नई लकीर खींच दी है.
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