Noida Cyber Fraud
Noida Cyber Fraud: नोएडा की फेस-1 थाना पुलिस ने ऑपरेशन साइबर वज्र के तहत नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले एक गैंग का पर्दाफाश किया है. यह गिरोह स्पाइसजेट कंपनी में नौकरी दिलाने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से पैसे ऐंठता था. पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों के पास से 8 मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, डेबिट कार्ड, सिम कार्ड, बैंक पासबुक और ठगी में इस्तेमाल होने वाला अन्य सामान बरामद किया गया है.
पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपियों की पहचान स्वदेश, बृजेश, अर्जुन और संदीप तिवारी के रूप में हुई है. इनमें स्वदेश और बृजेश आपस में सगे भाई हैं. पुलिस के मुताबिक, आरोपियों में से एक पहले स्पाइसजेट कंपनी में काम कर चुका था. इसी अनुभव और जानकारी का इस्तेमाल कर ये लोग नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं को भरोसे में लेते थे.
बेहद सुनियोजित तरीके से करते थे काम
गिरोह का तरीका बेहद सुनियोजित था. आरोपी ऑनलाइन जॉब ऐप और प्लेटफॉर्म से नौकरी तलाश रहे लोगों का डेटा जुटाते थे. इसके बाद उन्हें फोन कर स्पाइसजेट कंपनी में नौकरी दिलाने का दावा करते थे. युवाओं को भरोसा दिलाया जाता था कि उनकी प्रोफाइल कंपनी में आगे बढ़ाई जा रही है और जल्द ही नौकरी मिल जाएगी.
इसके बाद आरोपियों द्वारा फाइल चार्ज, प्रोसेसिंग फीस और अन्य खर्चों के नाम पर पैसे मांगे जाते थे. पीड़ितों से यह रकम फर्जी बैंक खातों में जमा कराई जाती थी. इतना ही नहीं, उनका विश्वास जीतने के लिए आरोपी फर्जी जॉब लेटर भी भेजते थे, ताकि पीड़ितों को लगे कि प्रक्रिया सच में चल रही है.
ठगी के बाद तोड़ देते थे सिम
पुलिस के अनुसार, ठगी के बाद आरोपी इस्तेमाल किए गए मोबाइल सिम कार्ड तोड़कर फेंक देते थे, ताकि उनकी पहचान और लोकेशन का पता न लगाया जा सके. लेकिन जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और इनपुट के आधार पर गैंग तक पहुंच बना ली.
फेस-1 थाना पुलिस ने चारों आरोपियों को नोएडा के सेक्टर-2 इलाके से गिरफ्तार किया. गिरफ्तारी के बाद सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है. पुलिस अब इनके बैंक खातों, मोबाइल डेटा और नेटवर्क की जांच कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस गिरोह ने अब तक कितने लोगों को ठगा है.
-भारत एक्सप्रेस
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