United Nation को लेकर वैश्विक देशों में तकरार, India ने भी उठाया सवाल?
विश्व राजनीति की अशांत मिट्टी पर खड़े संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का नैतिक व संस्थागत आधार आज पहले से कहीं अधिक प्रश्नों से घिरा है। जब युद्ध बढ़ते जा रहे हैं, तब शांति का सबसे बड़ा संरक्षक स्वयं अपनी भूमिका सिद्ध करने में असफल दिख रहा है.संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की 1945-आधारित संरचना आज की बहुध्रुवीय और संघर्षग्रस्त दुनिया में शांति बनाए रखने में सक्षम नहीं रह गई है.वीटो शक्ति का राजनीतिक दुरुपयोग, अप्रतिनिधिक सदस्यता, कमजोर राजनीतिक निरंतरता, असंगठित शांति अभियानों और बड़े मानवीय संकटों पर निष्क्रियता ने UNSC को कठघरे में खड़ा कर दिया है.
Also Read
-
सिर्फ बिजनेस नहीं, इंसानियत सर्वोपरि: 26/11 के बाद रतन टाटा ने सिखाया असली लीडरशिप का पाठ
-
'दाढ़ी-टोपी रूठ जाती...', अखिलेश अयोध्या गए, राम मंदिर नहीं पहुंचे तो ओम प्रकाश राजभर ने कसा तंज
-
21 बीवियां, 1 झोपड़ी और रोजाना भीख! बांग्लादेशी 'रंगीले' भिखारी का कारनामा देख चकराया लोगों का सिर; देखें VIDEO
-
नदीम खान याचिका: दिल्ली हाईकोर्ट ने तत्काल सुनवाई से इनकार किया, 12 अक्टूबर को होगी सुनवाई
-
इमरान मसूद की ताजपोशी: मुस्लिम आउटरीच या अखिलेश यादव को सीधा संदेश?
-
फिल्म 'काला हिरण पर दिल्ली हाईकोर्ट ने सलमान खान को जारी किया नोटिस, 16 दिसंबर को होगी सुनवाई
-
'युवाओं के भविष्य और करियर को भी देखना होता है', सुप्रीम कोर्ट ने जंतर-मंतर प्रदर्शन मामले में याचिका ठुकराई
-
अब नहीं हो पाएगा CJP का प्रोटेस्ट? दिल्ली पुलिस ने बताए 3 कारण



