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बॉर्डर के पास रूस ने तैनात किए 7,000 से अधिक उत्तर कोरियाई सैनिक: यूक्रेनी खुफिया एजेंसी

रूस ने यूक्रेन की सीमा के पास के इलाकों में एके-12 राइफलों, मोर्टार राउंड और अन्य हथियारों से लैस 7,000 से अधिक उत्तर कोरियाई सैनिकों को तैनात किया है. यह दावा यूक्रेन की डिफेंस इंटेलिजेंस एजेंसी ने किया है. 

North Korean troops

प्रतीकात्मक फोटो

रूस ने यूक्रेन की सीमा के पास के इलाकों में एके-12 राइफलों, मोर्टार राउंड और अन्य हथियारों से लैस 7,000 से अधिक उत्तर कोरियाई सैनिकों को तैनात किया है. यह दावा यूक्रेन की डिफेंस इंटेलिजेंस एजेंसी ने किया है. योनहाप समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिण कोरिया और पश्चिमी देशों ने चेतावनी दी है कि रूस में स्थित उत्तर कोरियाई सैनिक जल्द ही यूक्रेन के खिलाफ लड़ाई में उतर सकते हैं, जिससे यूरोप और हिंद-प्रशांत क्षेत्र दोनों के लिए बड़ा सुरक्षा खतरा पैदा हो जाएगा.

यूक्रेन की रक्षा खुफिया एजेंसी (डीआईयू) ने शनिवार (स्थानीय समय) को कहा कि रूस ने पिछले सप्ताह रूस के तटीय क्षेत्र से 7,000 से अधिक उत्तर कोरियाई सैनिकों को यूक्रेन के निकटवर्ती क्षेत्रों में ट्रांसफर किया है.

रूसी फायरआर्म से लैस हैं उत्तर कोरियाई सैनिक

डीआईयू ने अपनी वेबसाइट पर कहा, “रूसी एयरोस्पेस फोर्सेज के कम से कम 28 मिलिट्री ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट की मदद से उत्तर कोरियाई सैनिकों को फ्रंटलाइन पर ले जाया गया.” डीआईयू ने दावा किया कि मॉस्को ने उत्तर कोरियाई सैनिकों को रूसी फायरआर्म से लैस किया है. इनमें 60 मिलीमीटर मोर्टार, एके-12 राइफल, मशीन गन, स्नाइपर राइफल, एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल और एंटी-टैंक ग्रेनेड लांचर और नाइट विजन इक्विपमेंट शामिल हैं.

अलग-अलग जगहों पर ले रहे हैं ट्रेनिंग

डीआईयू ने कहा कि उत्तर कोरियाई सैनिक अब रूस के सुदूर पूर्व में पांच अलग-अलग जगहों पर ट्रेनिंग ले रहे हैं. साउथ कोरिया और कनाडा के रक्षा मंत्रियों ने रूस में नॉर्थ कोरिया की कथित सैन्य तैनाती की निंदा की. वहीं, ओटावा में द्विपक्षीय बैठक के दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की.

गैरकानूनी कृत्य

योनहाप समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, रक्षा मंत्री किम योंग-ह्यून और उनके कनाडाई समकक्ष बिल ब्लेयर ने शुक्रवार (कनाडाई समय) को दोनों देशों के विदेश और रक्षा मंत्रियों की पहली ‘टू प्लस टू’ बैठक के दौरान बातचीत की. द्विपक्षीय बैठक के दौरान, किम और ब्लेयर ने रूस में सैनिकों की तैनाती की कड़ी निंदा की और इसे संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों का उल्लंघन और एक ‘गैरकानूनी कृत्य’ बताया, जो प्रायद्वीप और बाकी दुनिया की शांति के लिए खतरा है. उन्होंने इसके जवाब में वैश्विक समुदाय के साथ मिलकर काम करने का संकल्प लिया.

-भारत एक्सप्रेस



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