Bharat Express DD Free Dish
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital

पाकिस्तान में ‘कलम’ पर सेना का पहरा! इमरान खान का समर्थन करने वाले 4 पत्रकारों को उम्रकैद

Pakistan News: पाकिस्तान में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान का समर्थन करना 4 पत्रकारों को भारी पड़ गया. पाकिस्तान की आतंकवाद निरोधक अदालत ने ऐसे ही एक मामले में 4 पत्रकारों सहित कुल 8 लोगों को आजीवन करावास की सजा सुनाई है.

Pakistan News

Pakistan News: पाकिस्तान में अबतक फौज के बूट तले सिर्फ आम लोग रौंदे जाते रहे,लेकिन अब हालात बदल गए हैं. अब फौज ने पत्रकारों के खिलाफ भी मोर्चा खोल दिया है. दरअसल जेल में बंद पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान का समर्थन करना 4 पत्रकारों को भारी पड़ गया. पाकिस्तान की आतंकवाद निरोधक अदालत ने ऐसे ही एक मामले में 4 पत्रकारों सहित कुल 8 लोगों को आजीवन करावास की सजा सुनाई है.

अदालत ने इनकी गतिविधियों को देश और समाज के लिए खतरा बताया है. अपने फैसले में अदालत ने कहा कि आरोपियों के द्वारा किये गए ट्वीट आतंकवाद कानून के दायरे में आता है, क्योंकि इन्होंने इमरान खान के समर्थन में ट्वीट कर लोगों को ना सिर्फ उकसाया बल्कि सरकारी संस्थाओं के खिलाफ भड़काया भी. इनकी वजह से समाज में अशांति फैली.

किन पत्रकारों को मिली सजा?

अदालत के द्वारा आजीवन कारावास की सजा पाये लोगों में पत्रकार, यूट्यूबर और कमेंटेटर शामिल हैं. जिनमें सैयद अकबर हुसैन, वजाहत सईद खान (पत्रकार), आदिल राजा (पूर्व सैन्य अधिकारी से यूट्यूबर बने), मोईद पीरजादा (विश्लेषक), हैदर रजा मेहदी (कमेंटेटर), साबिर शाकिर शामिल हैं. कोर्ट के मुताबिक इनमें से अधिकतर लोग पाकिस्तान से बाहर हैं.

सजा पाये लोगों को अदालत ने जुर्मना भी लगाया है. कोर्ट का आदेश है कि अगर जुर्माना नहीं दिया गया तो सजा और बढ़ाई जा सकती है.

ये भी पढ़ें- विधायक श्याम बिहारी लाल के निधन से बीजेपी नेतृत्व स्तब्ध! पीएम मोदी ने पुरानी फोटो साझा कर दी श्रद्धांजलि

मामला क्या है?

यह मामला 2023 का है. जब इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद उनके समर्थकों ने 9 मई को पाकिस्तान में जमकर उत्पात मचाया. इमरान समर्थकों ने इस दौरान कई सैन्य ठिकानों पर भी जमकर हमला किया. जिसके बाद सरकार और सेना ने इमरान खान की पार्टी पीटीआई और उनके समर्थकों के खिलाफ व्यापक कार्रवाई शुरू कर दी.

पाकिस्तानी कोर्ट के द्वारा पत्रकारों को सजा सुनाए जाने की पत्रकारों के लिए काम करने वाली संस्था कमेटी टू प्रोटेक्ट जर्नलिस्ट्स (CPJ) ने कड़ी आलोचना की है. CPJ ने इसे राजनीति से प्रेरित कार्रवाई बताते हुए पत्रकारों की आवाज दबाने वाला कदम करार दिया.

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital