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रैपर बना नेता! बालेन शाह की जीत के बाद गरमाया ‘सरनेम’ विवाद, पीएम मोदी ने दी बधाई

नेपाल के संसदीय चुनाव में आरएसपी की ऐतिहासिक जीत. 16 में से 13 महिला प्रत्याशियों ने दर्ज की जीत. पीएम मोदी ने पार्टी नेतृत्व को फोन कर बधाई दी.

Nepal Election Result 2026 Balen Shah

Nepal Election Result 2026: नेपाल के संसदीय चुनावों के नतीजे इस वक्त चर्चा का केंद्र बने हुए हैं. वहां की ‘राष्ट्रीय स्वतंत्रता पार्टी’ (RSP) ने चुनावों में जो करिश्मा किया है, उसने न केवल नेपाल की राजनीति की पुरानी धारणाओं को तोड़ दिया है, बल्कि पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींचा है. इस शानदार जीत पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी आरएसपी नेतृत्व को फोन करके बधाई दी है और दोनों देशों के रिश्तों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का वादा किया है.

पीएम मोदी का बधाई संदेश

प्रधानमंत्री मोदी (PM Modi) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा किया कि उन्होंने आरएसपी के चेयरमैन रबी लामिछाने और वरिष्ठ नेता बालेन शाह से फोन पर लंबी बात की.

पीएम मोदी ने साफ कहा कि भारत नेपाल की तरक्की और खुशहाली के लिए उनके साथ मिलकर काम करने को तत्पर है. उन्होंने इस बात पर भरोसा जताया कि आने वाले समय में भारत और नेपाल के द्विपक्षीय रिश्ते और भी मजबूत होंगे.

क्यों ऐतिहासिक हैं ये नतीजे?

नेपाल के इन चुनावों की सबसे बड़ी खूबी रही, ‘महिला नेतृत्व’ का उदय. आमतौर पर दक्षिण एशिया की राजनीति में यह आरोप लगता रहा है कि पार्टियां महिलाओं को सिर्फ ‘दिखावे’ के लिए या ऐसी सीटों पर उतारती हैं जहां जीत की संभावना कम हो. लेकिन आरएसपी ने इस पुराने ढर्रे को पूरी तरह पलट दिया.

आरएसपी की 16 महिला उम्मीदवारों ने चुनावी मैदान में ताल ठोकी थी, जिनमें से 13 ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की. ‘द काठमांडू पोस्ट’ की रिपोर्ट के मुताबिक, इन महिला प्रत्याशियों ने अपने प्रतिद्वंद्वी दिग्गज नेताओं को करारी शिकस्त दी है. यह जीत न सिर्फ पार्टी के मजबूत संगठन को दर्शाती है, बल्कि यह भी साबित करती है कि नेपाली मतदाता अब बदलाव के लिए तैयार हैं और वे नए चेहरों व महिला नेतृत्व को खुले दिल से अपना रहे हैं.

बालेन शाह: रैपर से नेता तक का सफर

इस जीत के साथ ही आरएसपी के वरिष्ठ नेता बालेन शाह (Balen Shah) भी काफी चर्चाओं में हैं. कलाकार और रैपर से राजनेता बने बालेन की जीत ने युवाओं में एक अलग क्रेज पैदा किया है. हालांकि, राजनीति है तो चर्चाएं और विवाद भी होंगे. बालेन की नागरिकता और उनके सरनेम को लेकर सोशल मीडिया पर काफी बहस छिड़ी है. उनके पुराने दस्तावेजों में ‘साह’ सरनेम था जिसे बाद में बदलकर ‘शाह’ कर दिया गया, जिसको लेकर कुछ हलकों में सवाल उठाए जा रहे हैं.

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-भारत एक्सप्रेस



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