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‘जमीन नहीं देंगे’ के नारों से गूंजा सीकर कलेक्ट्रेट, तारपुरा एयरपोर्ट और सीमेंट प्लांट रेल लाइन के विरोध में कलेक्ट्रेट पर महापड़ाव

Sikar Farmers Protest: राजस्थान के सीकर जिले के तारपुरा और दादिया क्षेत्र के किसानों ने जमीन बचाने के लिए आज कलेक्ट्रेट पर महापड़ाव डाला. प्रस्तावित तारपुरा एयरपोर्ट, नवलगढ़-बेरी-बसावा सीमेंट प्लांट रेलवे लाइन और जेरठी-दादिया अंडरपास के विरोध में हजारों लोग सीकर कलेक्ट्रेट पर विशाल प्रदर्शन करने पहुंचे हैं.

Sikar Farmers Protest

Sikar Farmers Protest

रिपोर्ट – राहुल टॉंक, सीकर


Sikar Farmers Protest: राजस्थान के सीकर जिले के तारपुरा और दादिया क्षेत्र के किसानों ने जमीन बचाने के लिए आज कलेक्ट्रेट पर महापड़ाव डाला. प्रस्तावित तारपुरा एयरपोर्ट, नवलगढ़-बेरी-बसावा सीमेंट प्लांट रेलवे लाइन और जेरठी-दादिया अंडरपास के विरोध में हजारों लोग सीकर कलेक्ट्रेट पर विशाल प्रदर्शन करने पहुंचे हैं. किसानों ने सीकर मंडी से जिला कलेक्टर कार्यालय तक करीब 2 किलोमीटर की विरोध प्रदर्शन यात्रा निकाली. जिसमें करीब 1200 के करीब महिलाएं और पुरुष किसान शामिल हुए.

किसानों ने जिला कलेक्टर कार्यालय के बाहर जमकर नारेबाजी भी की. इसके बाद किसानों के एक प्रतिनिधि मंडल ने एडीएम को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा. इस दौरान सीकर उप जिला प्रमुख ताराचंद धायल ने कहा कि आज शेखावाटी का सबसे शानदार किसानों का प्रदर्शन रहा. आज का किसानों का प्रदर्शन शांतिपूर्वक रहा, लेकिन सरकार इस मामले पर ध्यान नहीं देती है तो इससे भी बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा.

फतहपुर के बीहड़ इलाके में बनाये एयरपोर्ट

आगे उन्होंने बताया कि सरकार एक नहीं चार एयरपोर्ट बनाए लेकिन सरकारी जमीन पार बनाए, सीकर के फतहपुर बहुत बड़ा बीहड़ है. वह कोई काम भी नहीं आ रहा है. फतहपुर बीहड़ से कई जिलों की सरहद भी मिलती है. इसके अलावा हाइवे की कनेक्टिविटी भी आसान है. इससे किसानों की जमीन भी नहीं जाएगी और सही जगह एयरपोर्ट भी बन जाएगा.

इसके अलावा सीकर विधायक राजेंद्र पारीक ने कहा कि जिस जमीन में हमारे बुजुर्गों का पसीना बहा है, इस जमीन को हम सरकार को नहीं देंगे. उन्होंने कहा कि इस जमीन को अधिग्रहण करने के लिए न ग्रामीणों से बात की गई और न जनप्रतिनिधि से बात की गई. केंद्र सरकार ने राज्य सरकार को नोटिस भेजा ओर अचानक अधिग्रहण को लेकर कार्य शुरू कर दिया गया. किसान अपना खून पसीना सीच कर जमीन को उपजाऊ बनाया है, उस जमीन को हम सरकार को नहीं देंगे.

किसानों की मांगें:-

1. बिना ग्राम सभा और किसानों की लिखित सहमति के किसी भी प्रकार की जमीन का अधिग्रहण ना किया जाए.
2. एयरपोर्ट और रेलवे लाइन परियोजना को लेकर प्रशासन किसानों के साथ सीधा संवाद करे.
3. जेरठी-दादिया अंडरपास की डिजाइन और जगह को लेकर आपत्तियों का समाधान किया जाए.
4. सीमेंट प्लांट रेल लाइन के लिए खेतों के बजाय बंजर या खेतों के बाहर से गुजरने वाले रास्तों का सर्वे किया जाए.

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4000 बीघा जमीन पर संकट

हाल ही में दादिया और तारपुरा गांव के किसानों ने एक बड़ी महापंचायत का आयोजन कर सरकार की अधिग्रहण नीति पर कड़ा ऐतराज जताया था. ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन एयरपोर्ट परियोजना के नाम पर दोनों गांवों की करीब 4000 बीघा बेशकीमती कृषि भूमि के अधिग्रहण की तैयारी कर रहा है. किसानों का कहना है कि बेरी-तारपुरा और दादिया इलाके में पहले रेलवे लाइन और अब एयरपोर्ट के लिए जमीन ली‌ जाएगी, किसानों के लिए एक इंच जमीन नहीं बचेगी.

-भारत एक्सप्रेस



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