रियाद में विदेशी निवेशकों का आने से इनकार
Saudi Arabia Houthi Attacks: सऊदी अरब के रियाद एयरपोर्ट पर हुए हूती हमलों का असर अब देश के सबसे बड़े निवेश सम्मेलनों पर भी पड़ता दिख रहा है. सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच सऊदी सरकार अपने प्रमुख ‘फ्यूचर इन्वेस्टमेंट इनिशिएटिव’ (FII) सम्मेलन को हाइब्रिड मोड में आयोजित करने की तैयारी कर रही है. इसके तहत दुनिया भर के कारोबारी और निवेशक रियाद पहुंचे बिना भी ऑनलाइन इस कार्यक्रम में शामिल हो सकेंगे.
वहीं कुछ निवेशक दूसरे हवाई अड्डों पर उतरकर सड़क से भी रियाद पहुंच सकते हैं. यह कदम ऐसे समय उठाया जा रहा है जब हूती विद्रोहियों के बढ़ते हमले सऊदी अरब की विदेशी निवेश को आकर्षित करने की कोशिशों के लिए चुनौती बन रही है. बता दें कि सऊदी अरब इस महीने के अंत में होने वाले सम्मेलन का नाम ‘फ्यूचर इन्वेस्टमेंट इनिशिएटिव’ (FII) रखा है.
रॉयटर्स के मुताबिक इस सप्ताह के अंत में हुए हमलों के बाद सऊदी अरब के इस सम्मेलन को लेकर नए सिरे से विचार किया जा रहा है. ऐसे में सम्मेलन में शामिल होने वाले कुछ कारोबारी अधिकारी ऑनलाइन जुड़ सकते हैं, जबकि कुछ दूसरे रास्तों से रियाद पहुंचने की कोशिश करेंगे.
रियाद पहुंचने के लिए बदलना पड़ सकता है रास्ता
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक सम्मेलन में शामिल होने वाले कुछ प्रतिनिधि रियाद के बाहर स्थित हवाई अड्डों या पड़ोसी खाड़ी देशों में उतर सकते हैं. इसके बाद वे सड़क मार्ग से सऊदी अरब की राजधानी पहुंचेंगे. इसी महीने के अंत में होने वाले इस सम्मेलन में दुनिया भर के बड़े कारोबारी, निवेशक और वित्तीय क्षेत्र की दिग्गज हस्तियां हिस्सा लेने वाली हैं.
सम्मेलन से दूरी बना रही तेल कंपनियां
रियाद में सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच इसका असर कारोबार पर भी पड़ना शुरू हो गया है. कई बड़ी कंपनियों के प्रमुखों ने इस सम्मेलन से अपना नाम वापस ले लिया है. ऐसे में FII सम्मेलन को हाइब्रिड मोड में आयोजित करने की योजना ज्यादा से ज्यादा लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने की कोशिश के तौर पर देखी जा रही है.
FII की वेबसाइट पर 6 अक्टूबर को जारी कार्यक्रम के मुताबिक इस सम्मेलन में गोल्डमैन सैक्स के CEO और अध्यक्ष डेविड सोलोमन, स्टैंडर्ड चार्टर्ड के CEO बिल विंटर्स और सिटी की CEO जेन फ्रेजर भी शामिल होने वाले थे. लेकिन रियाद एयरपोर्ट पर हुए हमलों के बाद सिटी और गोल्डमैन सैक्स ने अपने अधिकारियों के शामिल होने पर कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया है. वहीं स्टैंडर्ड चार्टर्ड ने भी कोई जानकारी नहीं दी है.
सम्मेलन का दसवां संस्करण रियाद के पश्चिमी हिस्से में स्थित किंग अब्दुलअजीज इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस सेंटर में आयोजित किया जाना है.
क्यों अहम है सऊदी अरब का यह निवेश सम्मेलन?
फ्यूचर इन्वेस्टमेंट इनिशिएटिव सऊदी अरब के लिए केवल एक कारोबारी आयोजन नहीं है. इसके जरिए देश अपनी अर्थव्यवस्था को तेल पर निर्भरता से बाहर निकालने और विदेशी निवेश आकर्षित करने की योजनाओं को दुनिया के सामने रखता है.
हूती हमलों ने बढ़ाई सऊदी की टेंशन
इस सम्मेलन में दुनिया के बड़े नेताओं, कंपनियों के प्रमुखों और वित्तीय क्षेत्र की दिग्गज हस्तियों की भागीदारी के कारण इसे ‘रेगिस्तान का दावोस’ भी कहा जाता है. यह नाम स्विट्जरलैंड में होने वाले विश्व आर्थिक मंच (WEF) के सालाना सम्मेलन से लिया गया है.
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हूती विद्रोहियों के साथ बढ़ते संघर्ष ने सऊदी अरब की उस कोशिश के सामने चुनौती खड़ी कर दी है, जिसके तहत रियाद को वैश्विक आयोजनों और निवेश का प्रमुख केंद्र बनाया जा रहा है. ऐसे में सम्मेलन को हाइब्रिड मोड में आयोजित करने की योजना सुरक्षा संबंधी चिंताओं के बीच निवेशकों की भागीदारी बनाए रखने की कोशिश है.
-भारत एक्सप्रेस
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