नेपाल में आई बाढ़ के पानी के बिहार पहुंचने की संभावना को देखते सीएम सम्राट चौधरी ने मीटिंग की.
Samrat Choudhary Meeting: मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज लोक सेवक आवास स्थित संकल्प’ सभागार में नेपाल के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में फ्लैश फ्लड की स्थिति तथा गंडक नदी में अचानक जलप्रवाह बढ़ने की संभावना को देखते हुए उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की. मुख्यमंत्री ने बिहार के संबंधित जिलों में विशेष सतर्कता बरतने तथा सभी आवश्यक तैयारियां पूरी रखने का निर्देश दिया.
उन्होंने कहा कि नेपाल में विकसित हो रही स्थिति को देखते हुए बिहार में संभावित प्रभाव वाले क्षेत्रों पर लगातार नजर रखी जाए. विशेषकर गंडक नदी से जुड़े पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण, मुजफ्फरपुर एवं वैशाली सहित अन्य संवेदनशील जिलों में प्रशासन पूरी तरह अलर्ट रहे.
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को पूरी तरह अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि नेपाल में बाढ़ के कारण आने वाले पानी की स्थिति पर लगातार नजर रखी जाए तथा संभावित प्रभावित एवं संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाए.
🚨भारत के लिए चिंता का सबब🚨
•तिब्बत की ओर से नेपाल की भोटे कोशी नदी में बाढ़ की एक बड़ी लहर प्रवेश कर गई है, जिससे त्रिशूली बेसिन में अलर्ट जारी किया गया है
•भोटे कोशी → त्रिशूली → नारायणी/गंडक → बिहार → गंगा
•पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण और वैशाली के… pic.twitter.com/owBidGJCek
— Mrigendra Pratap Singh (@MrigendraSpeaks) August 26, 2026
सभी बांधों एवं तटबंधों की सुरक्षा के निर्देश
सीएम सम्राट चौधरी ने निर्देश दिया कि सभी तटबंधों एवं बांधों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उनकी लगातार निगरानी की जाए. तटबंधों की मजबूती सुनिश्चित करने के साथ-साथ किसी भी कमजोर हिस्से पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जाए. उन्होंने बांधों एवं तटबंधों पर रात में भी विशेष नाइट पेट्रोलिंग कराने का निर्देश दिया.
मुख्य बिंदु :-
- नेपाल में आई बाढ़ के पानी के बिहार पहुंचने की संभावना को देखते हुए संबंधित जिलों में विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश. जिलों के अधिकारी स्थिति पर कड़ी नजर रखें.
- सभी तटबंधों की लगातार निगरानी करते हुए उनकी मजबूती एवं सुरक्षा सुनिश्चित करें. बांध एवं तटबंधों पर दिन-रात निगरानी रखने तथा रात में विशेष रूप से नाइट पेट्रोलिंग कराने का निर्देश.
- संवेदनशील एवं प्रभावित क्षेत्रों में लाउडस्पीकर / माइक के माध्यम से लोगों को लगातार आवश्यक सूचना एवं चेतावनी देने का निर्देश.
- किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एन०डी०आर०एफ० और एस०डी०आर०एफ० की टीमें तैनात कर दी गई हैं.
इसके अलावा उन्होंने संवेदनशील एवं प्रभावित क्षेत्रों में स्थानीय प्रशासन द्वारा लाउडस्पीकर/माइक के माध्यम से लोगों को लगातार आवश्यक सूचना एवं संभावित खतरे की चेतावनी देने के निर्देश दिये, ताकि समय रहते लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा सके. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एन०डी०आर०एफ० एवं एस०डी०आर०एफ० की टीमें तैनात रखने को भी कहा है. संबंधित जिला प्रशासन इन टीमों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यकतानुसार तत्काल राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित करेगा.
स्थिति पर रखी जाए लगातार निगरानी
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि स्थिति पर सतत् निगरानी रखी जाए तथा प्रशासनिक एवं तकनीकी टीमें पूरी तरह सक्रिय रहें. किसी भी प्रतिकूल परिस्थिति में लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होगी और राहत एवं बचाव कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए.
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बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार, मुख्य सचिव श्री प्रत्यय अमृत, पुलिस महानिदेशक श्री विनय कुमार, आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव श्री संतोष कुमार मल्ल, मुख्यमंत्री के सचिव श्री संजय कुमार सिंह, जल संसाधन विभाग के सचिव डॉ० चन्द्रशेखर सिंह सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे.
-भारत एक्सप्रेस
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