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दिल्ली हाई कोर्ट ने AAP के महिला वजीफा वादे पर उठाए सवाल, याचिका की स्वीकार्यता पर मांगी दलीलें

दिल्ली हाई कोर्ट ने राष्ट्रीय राजधानी में मुख्यमंत्री महिला सम्मान योजना के तहत महिलाओं को वजीफा देने के आप के हालिया चुनावी वादे के खिलाफ याचिका की स्वीकार्यता पर सवाल उठाया है.

Arvind Kejriwal AAP

अरविंद केजरीवाल. (फाइल फोटो)

दिल्ली हाई कोर्ट ने राष्ट्रीय राजधानी में मुख्यमंत्री महिला सम्मान योजना के तहत महिलाओं को वजीफा देने के आप के हालिया चुनावी वादे के खिलाफ याचिका की स्वीकार्यता पर सवाल उठाया है. न्यायमूर्ति ज्योति सिंह ने याचिकाकर्ता से सवाल किया कि इस मुद्दे पर चुनाव याचिका कैसे स्वीकार्य है. अदालत ने कहा यह चुनाव याचिका के रूप में स्वीकार्य कैसे है? आप जाकर जनहित याचिका दायर करें.

याचिकाकर्ता ने कहा कि आप झूठी घोषणा करके मतदाताओं को लुभा रही है, जबकि दिल्ली सरकार पहले ही ऐसी योजना होने से इनकार कर चुकी है.

दिल्ली की महिला मतदाता होंगी प्रभावित

अदालत ने याचिकाकर्ता विजय कुमार से याचिका की स्वीकार्यता पर दलीलें देने को कहा और सुनवाई 10 जनवरी के लिए तय की. याचिकाकर्ता के वकील शिव शंकर पाराशर ने कहा कि कुमार ने दिल्ली में सत्तारूढ़ पार्टी द्वारा दिल्ली की मतदाता पहचान पत्र वाली महिलाओं को 2,100 रुपये मासिक वजीफा देने की कथित झूठी घोषणा को लेकर भारत के चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराई है. उन्होंने दावा किया कि कोई कार्रवाई नहीं की गई और अदालत से चुनाव आयोग को 3 जनवरी को दायर उनकी शिकायत का शीघ्र निपटारा करने का निर्देश देने का आग्रह किया.

याचिका में मुख्य निर्वाचन अधिकारी को आप कार्यकर्ताओं द्वारा योजना से संबंधित फॉर्म भरने पर रोक लगाने का निर्देश देने की भी मांग की गई है. वकील ने कहा कि अगर शिकायत पर फैसला नहीं हुआ तो दिल्ली की महिला मतदाता प्रभावित होंगी.

दिल्ली सरकार की योजना

12 दिसंबर 2024 को आप सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली सरकार की योजना शुरू करने की घोषणा की और वादा किया कि अगर पार्टी सत्ता में लौटी तो मासिक सहायता 1,000 रुपये से बढ़ाकर 2,100 रुपये कर दी जाएगी.

हालांकि 25 दिसंबर को दिल्ली सरकार के महिला एवं बाल विकास और स्वास्थ्य विभागों ने सार्वजनिक नोटिस जारी कर खुद को योजना से अलग कर लिया और बुजुर्गों के लिए मुफ्त इलाज का वादा किया जिससे विधानसभा चुनाव से पहले नया विवाद खड़ा हो गया.

दिल्ली में 5 फरवरी को होना है मतदान

दोनों विभागों ने लोगों को उन योजनाओं के लिए पंजीकरण के बहाने किसी को भी व्यक्तिगत विवरण प्रदान करने के खिलाफ चेतावनी दी, जिन्हें उन्होंने अस्तित्वहीन बताया और कहा कि कोई भी निजी व्यक्ति या राजनीतिक दल इस तरह के भौतिक फॉर्म या जानकारी एकत्र करना धोखाधड़ी और बिना किसी अधिकार के है. दिल्ली में 5 फरवरी को मतदान होना है और 8 फरवरी को मतगणना होगी.

-भारत एक्सप्रेस



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