Bharat Express DD Free Dish
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital

कर्नाटक की राजनीति में बड़ा मोड़! सिद्धारमैया-शिवकुमार की ब्रेकफास्ट मीटिंग से बढ़ी अटकलें

Karnataka Politics: कर्नाटक की राजनीति में बड़ा मोड़! सिद्धारमैया और शिवकुमार की मुलाकात से सीएम पद को लेकर चल रही अटकलें और तेज हो गई हैं. हाईकमान के फैसले पर दोनों नेताओं ने भरोसा जताया है.

Karnataka Politics: कर्नाटक की राजनीति इन दिनों गर्म है. मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार के बीच नेतृत्व में परिवर्तन को लेकर चर्चाएं तेज हैं. इसी बीच आज सुबह करीब 9:30 बजे दोनों नेता सीएम आवास ‘कावेरी’ पर ब्रेकफास्ट मीटिंग करने वाले हैं. यह मुलाकात पार्टी हाईकमान के निर्देश पर हो रही है ताकि चल रहे गतिरोध को खत्म किया जा सके.

सिद्धारमैया ने क्या कहा?

सिद्धारमैया ने साफ कहा है कि वह हाईकमान के फैसले को मानेंगे. उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें और शिवकुमार को चर्चा के लिए बुलाया है, इसलिए उन्होंने शिवकुमार को लंच पर आमंत्रित किया है. वहीं, शिवकुमार भी कह चुके हैं कि जो भी आदेश मिलेगा, वह उसे स्वीकार करेंगे.

किस बात पर है विवाद?

असली विवाद इस बात पर है कि शिवकुमार और उनके समर्थक लगातार सीएम पद की मांग कर रहे हैं. उनका कहना है कि 2023 के चुनाव में जीत के बाद हाईकमान ने वादा किया था कि उन्हें मुख्यमंत्री बनाया जाएगा. दूसरी तरफ सिद्धारमैया और उनके खेमे का दावा है कि ऐसा कोई समझौता नहीं हुआ था और वह पूरे कार्यकाल तक सीएम सिद्धारमैया ही बने रहेंगे.

शिवकुमार का सिद्धारमैया पर कटाक्ष

हाल ही में दोनों नेताओं ने एक सरकारी कार्यक्रम में मंच साझा कर एकता दिखाने की कोशिश को जरूर की थी लेकिन शिवकुमार ने सोनिया गांधी के ‘त्याग’ का जिक्र करते हुए सिद्धारमैया पर अप्रत्यक्ष कटाक्ष भी किया था.

फायदे-नुकसान का आकलन

सूत्रों की माने तो कांग्रेस हाईकमान इस पूरे मामले के फायदे-नुकसान का आकलन कर रहा है. अगर बदलाव होता है तो शिवकुमार सबसे बड़े दावेदार होंगे. सिद्धारमैया को SC-ST, मुस्लिम और OBC समुदायों का मजबूत समर्थन हासिल है तो वहीं शिवकुमार अपनी संगठन क्षमता और चुनाव प्रबंधन के कारण हाईकमान के लिए अहम हैं.

सीएम पद की उठा चुके हैं मांग

इस बीच शिवकुमार समर्थक विधायक दिल्ली जाकर सीएम पद की मांग उठा चुके हैं. कथित “2.5 साल रोटेशनल डील” पर भी चर्चा है, जिसे सिद्धारमैया खेमे ने खारिज कर दिया है. गृह मंत्री जी. परमेश्वर ने शिवकुमार को सीएम बनाने का समर्थन किया, जबकि सिद्धारमैया के वफादार जमीर अहमद खान ने इसका विरोध किया.

ये भी पढ़ें-आधार कार्ड का फोन नंबर बदलने के लिए सेंटर पर जाने के जरूरत नहीं, UIDAI के नए ऐप से मोबाईल से ही कर सकेंगे नंबर अपडेट, जानिए स्टेप्स

कांग्रेस अध्यक्ष का क्या कहना है?

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि यह मामला सार्वजनिक चर्चा का विषय नहीं है. वहीं, सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र ने अटकलों को मीडिया का भ्रम बताया.

Also Follow Bharat Express on Youtube

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital