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पांच विभूतियों को पद्म श्री पुरस्कार मिलना गुजरात के लिए गौरव का विषय- अमित शाह

गुजरात के वडोदरा निवासी 94 वर्षीय मानभट्ट लोक कथाकार धर्मिकलाल पांड्या को सदियों पुरानी कथावाचन परंपरा को जीवित रखने के लिए पद्म श्री से सम्मानित किया गया है.

केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि यह गुजरात के लिए बहुत ही गौरव का विषय है कि अरविंद वैद्य, धर्मिकलाल चुन्नीलाल पांड्या, मीर हाजीभाई कासमभाई, नीलेश विनोदचंद्र मंडलेवाला और रतिलाल बोरीसागर का ‘पद्म श्री’ सम्मान के लिए चयन किया गया है.

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में समाज के बीच रहकर राष्ट्र निर्माण के कार्यों को गति देने वाले निष्काम कर्मयोगियों को पद्म पुरस्कारों से सम्मानित करने की नई परंपरा विकसित हुई है. समाजसेवा, शिक्षा, साहित्य एवं कला के क्षेत्र में इन महानुभावों ने अनवरत योगदान देकर अनेक लोगों के जीवन में परिवर्तन लाया है.आप सभी और भी अधिक ऊर्जा से देश निर्माण के कार्यों को गति देंगे, यह कामना करता हूं.

भारत के 77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर, केंद्र सरकार ने 2026 के पद्म पुरस्कारों की घोषणा की, जो उन नागरिकों को सम्मानित करते हैं जिनका निरंतर योगदान देश की सांस्कृतिक और सामाजिक नींव को मजबूत करने में सहायक रहा है.

इस वर्ष राष्ट्रीय सम्मान सूची में गुजरात का विशेष स्थान है, जहां राज्य के पांच व्यक्तियों को लोक कला और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए पद्म श्री से सम्मानित किया गया है.

वडोदरा के 94 वर्षीय मानभट्ट लोक कथाकार, धर्मिकलाल पांड्या को सदियों पुरानी कथावाचन परंपरा को संरक्षित करने के लिए संगीत के क्षेत्र में पद्म श्री से सम्मानित किया गया है. पांड्या ने मनभट्ट कला को अपना 73 वर्ष का जीवन समर्पित किया है, जिसमें उन्होंने शास्त्रीय संगीत, लय और कथावाचन का मिश्रण करके मौखिक परंपरा को जीवित रखा है.

उनके पिता के निधन के बाद कठिन परिस्थितियों में उनकी यात्रा शुरू हुई, जब वे अभी स्कूल में ही थे. तब कहानी सुनाना उनके लिए आजीविका का साधन और जीवन भर का जुनून बन गया.

ऑल इंडिया रेडियो से शुरू हुआ सफर

दशकों से, पांड्या की प्रस्तुतियां ऑल इंडिया रेडियो के माध्यम से पूरे गुजरात में श्रोताओं तक पहुंचीं और बाद में राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी फैल गईं. उन्होंने भारत और विदेशों में, जिनमें संयुक्त राज्य अमेरिका, यूनाइटेड किंगडम और कनाडा शामिल हैं, 2,500 से अधिक कहानी सुनाने की प्रस्तुतियां दी हैं. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने वर्ष 2026 के लिए 131 पद्म पुरस्कारों के वितरण को मंजूरी दी.

पद्म पुरस्कार देश के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कारों में से एक हैं, जो तीन श्रेणियों में प्रदान किए जाते हैं: पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री.

ये पुरस्कार कला, सामाजिक कार्य, सार्वजनिक मामलों, विज्ञान और इंजीनियरिंग, व्यापार और उद्योग, चिकित्सा, साहित्य और शिक्षा, खेल, सिविल सेवा आदि विभिन्न क्षेत्रों में दिए जाते हैं.

पद्म विभूषण असाधारण और विशिष्ट सेवा के लिए, पद्म भूषण उच्च कोटि की विशिष्ट सेवा के लिए, और पद्म श्री किसी भी क्षेत्र में विशिष्ट सेवा के लिए प्रदान किया जाता है.इन पुरस्कारों की घोषणा प्रतिवर्ष गणतंत्र दिवस के अवसर पर की जाती है.

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-भारत एक्सप्रेस



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