Bharat Express DD Free Dish
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital

कोलकाता के आरजी कर रेप और हत्या मामले में पीड़िता के माता-पिता ने सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका ली वापस

कोलकाता के आरजी कर रेप और हत्या मामले में पीड़िता के माता-पिता द्वारा सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका को वापस ले लिया है.

COURT

कोलकाता के आरजी कर रेप और हत्या मामले में पीड़िता के माता-पिता द्वारा सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका को वापस ले लिया है. पीड़िता के माता पिता की ओर से दायर याचिका में केस की फिर से जांच की मांग की गई थी. सुप्रीम कोर्ट ने पीड़िता के वकील से पूछा कि क्या कोर्ट को इस मामले में आगे बढ़ना चाहिए या नहीं, क्योंकि इसी तरह की याचिका कोलकाता हाई कोर्ट में दायर की गई है.

पीड़ित परिवार की ओर से  दायर किया गया याचिका

सुप्रीम कोर्ट ने वकील याचिकाकर्ता के वकील को चेतावनी देते हुए कहा कि वे कोर्ट में दिए गए हलफनामे में सावधानी बरतें, क्योंकि इस मामले में संजय रॉय के खिलाफ पहले ही सजा का आदेश दिया जा चुका है. जिसके बाद पीड़ित परिवार के वकील ने याचिका को वापस ले लिया है. अब पीड़ित परिवार की ओर से नए सिरे से याचिका दायर किया जाएगा. सीजेआई संजीव खन्ना की अध्यक्षता वाली पीठ ने याचिकाकर्ता की ओर से पेश वरिष्ठ वकील करुणा नंदी से कहा कि आपकी अर्जी में जो कुछ है उसमें बहुत सी बातें है जो बहस का विषय है.

जिसपर करुणा नंदी ने कहा कि हमें इसकी जानकारी है, कृपया समय चूक को देखे, आरोपी सत्ता में बैठे लोग है. दूसरी तरफ एम्स रेजिडेंट डॉक्टर एसोसिएशन की ओर से पेश वकील ने सुप्रीम कोर्ट से कहा कि सुप्रीम कोर्ट पहले के आदेश में कहा था कि कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं कि जाएगी. लेकिन कुछ कॉलेज द्वारा सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन नही किया जा रहा है. ऐसे में कई पीजी छात्र अपनी कटऑफ खो देंगे. जिसपर सीजेआई ने सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता से इस पर गौर करने को कहा है.

पीड़ित परिवार को मुआवजा देने का निर्देश

सीजेआई ने कहा कि पहले के आदेश में कहा गया था कि आदेश की तारीख तक विरोध प्रदर्शन करने वाले डॉक्टरों के खिलाफ कोई दंडात्मक कदम नहीं उठाया जाएगा. कोर्ट ने यह भी साफ कर दिया कि यदि विरोध करने वाले कर्मचारी सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद काम में शामिल हुए थे तो उन्हें नियमित किया जाएगा और इसे ड्यूटी से अनुपस्थित नही माना जाएगा. कोर्ट ने कहा कि यह मामलों के विशिष्ट तथ्यों और परिस्थितियों में जारी किया गया है और कोई मिसाल कायम नहीं कर रहा है. सियालदह कोर्ट ने संजय रॉय को सजा सुनाते हुए उसपर 50000 रुपये का जुर्माना लगाया था.

साथ ही राज्य सरकार को मृतक ट्रेनी महिला डॉक्टर के परिवार को 17 लाख रुपये का मुआवजा देने का निर्देश दिया था. कोर्ट ने अपने फैसले में कहा था कि यह अपराध जघन्यतम अपराध की श्रेणी में नही आता, जिससे दोषी को मौत की सजा दिया जा सके. कोलकाता हाई कोर्ट ने मामले को सीबीआई को सौपा था. इस मामले में सीबीआई ने सबूत नष्ट करने के कथित प्रयासों के लिए आरजी कार के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष और ताला पुलिस स्टेशन के अधिकारी अभिजीत मंडल को भी गिरफ्तार किया था. लेकिन समय.सीमा के भीतर चार्जशीट दाखिल नही करने पर दोनों को जमानत पर रिहा कर दिया गया.

ये भी पढ़ें: कोलकाता के आरजी कर रेप और हत्या मामले में पीड़िता के माता-पिता ने सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका ली वापस

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital