Ilaiyaraaja Copyright Case: दिल्ली हाई कोर्ट ने अपने उस आदेश को बरकरार रखा है, जिसमें कहा था कि लोकप्रिय गीत ‘एन इनिया पोन निलवे’ पर इलैयाराजा का कोई कॉपीराइट नहीं है. साथ ही कोर्ट ने सारेगामा इंडिया के खिलाफ इलैयाराजा की अपील को खारिज कर दिया है.
कोर्ट ने अपने फैसले में कहा था कि गाने का मालिक सारेगामा है. हालांकि कोर्ट ने वेल्स फिल्म से 30 लाख रुपये के लाइसेंस शुल्क की सरेगामी की स्वीकृति के बाद वेल्स फिल्म को अपनी फिल्म ‘अधतिया’ में गाने का उपयोग करने की अनुमति दी थी.
सारेगामा इंडिया लिमिटेड के पक्ष में फैसला
इससे पहले दिल्ली हाई कोर्ट ने सारेगामा इंडिया लिमिटेड के पक्ष में एक तरफ फैसला दिया था. जिससे मशहूर म्यूजिक संगीतकार इलैयाराजा को कंपनी द्वारा दावा किए गए कुछ कॉपीराइट्स साउंड रेकॉर्डिंग और म्यूजिक कामों का फायदा उठाने या लाइसेंस देने से रोक दिया गया था. इलैयाराजा कई भारतीय सिनेमा की अलग-अलग फिल्मों में म्यूजिक दे चुके हैं.
काम का पहला कॉपीराइट मालिक
उनके मशहूर गानों में ‘राजा राजा चोझान’, ‘एन इनिया पोन निलवे’, और ‘ अंधियिले वानम’ जैसे गाने शामिल है. ये गाने अपने समय के हिट गाने रहे है. इससे पहले कंपनी की ओर से पेश वकील ने कोर्ट को बताया था कि कॉपीराइट एक्ट 1957 के तहत, अगर किसी कॉन्ट्रैक्ट में अलग से मेंशन न हो तो फिल्म निर्माता को ही कमीशन किए गए काम का पहला कॉपीराइट मालिक माना जाता है.
मुडू पाणि के बीच हुए समझौते
कोर्ट में इसी आधार पर तर्क रखा गया कि रिलेटेड सांग्स के राइट्स निर्माता और उनसे जुड़े समझौतों के जरिए कंपनी को मिले हैं. पिछली सुनवाई में कोर्ट ने कहा था कि 1980 में सारेगामा के साथ फिल्म के निर्माता मुडू पाणि के बीच हुए समझौते के अनुसार साउंड रिकॉर्डिंग और फिल्म के गीतों के संगीत और साहित्यिक कार्यों में कॉपीराइट सारेगामा के पास निहित है.
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-भारत एक्सप्रेस
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