Bharat Express DD Free Dish
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital
Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital

हिन्दू देवी-देवताओं पर आपत्तिजनक पोस्ट: पटियाला हाउस कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को भेजा नोटिस

पटियाला हाउस कोर्ट ने हिंदू देवी-देवताओं को लेकर कथित आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट मामले में दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर एक्शन टेकन रिपोर्ट मांगी है. जनवरी 2027 में अगली सुनवाई होगी.

Patiala House Court

पटियाला हाउस कोर्ट ने छात्र कार्यकर्ता निशु आजाद और उनके पिता संजय आजाद के खिलाफ कथित तौर पर हिंदू देवी-देवताओं को लेकर आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट साझा करने के मामले में दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी किया है. मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) मृदुल गुप्ता की अदालत ने दिल्ली पुलिस को मामले में एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) दाखिल करने का निर्देश दिया है. इस मामले की अगली सुनवाई जनवरी 2027 में होगी.

शिकायत और एफआईआर की मांग

यह याचिका अधिवक्ता अमिता सचदेवा द्वारा दायर की गई है. याचिकाकर्ता ने अदालत को बताया कि उन्होंने इससे पहले दिल्ली पुलिस के साइबर थाने में औपचारिक शिकायत देकर इन कथित सोशल मीडिया पोस्ट पर एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी, लेकिन पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई न किए जाने के बाद उन्हें अदालत का रुख करना पड़ा.

याचिका में आरोप लगाया गया है कि सितंबर 2023 से अगस्त 2026 के बीच एक नाबालिग के सोशल मीडिया अकाउंट से कुल चार पोस्ट किए गए. इन पोस्ट में भगवान शिव, भगवान कृष्ण, मां सरस्वती और मां दुर्गा को लेकर कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणियां की गई थीं. याचिकाकर्ता का यह भी आरोप है कि इन पोस्ट को जानबूझकर प्रसारित किया गया और शिकायत मिलने के बावजूद ये सोशल मीडिया पर उपलब्ध रहे.

किन धाराओं के तहत की गई मांग?

याचिकाकर्ता ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 299 (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने वाले जानबूझकर और दुर्भावनापूर्ण कृत्य) और धारा 196 (विभिन्न समूहों के बीच वैमनस्य को बढ़ावा देना), तथा सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की प्रासंगिक धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज करने का अनुरोध किया है. साथ ही, इन कथित पोस्ट के डिजिटल रिकॉर्ड और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को सुरक्षित रखने की भी मांग की गई है.

घटना की पृष्ठभूमि और हालिया विवाद

इससे पहले जंतर-मंतर पर सीजेपी (CJP) प्रोटेस्ट के दौरान निशु आजाद के पिता संजय आजाद पर हमला करने वाले आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज को पटियाला हाउस कोर्ट से अंतरिम जमानत मिल चुकी है. स्वतंत्र भारद्वाज को दिल्ली पुलिस ने गत 4 सितंबर को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से गिरफ्तार किया था.

ये भी पढ़ें: पूर्व जज यशवंत वर्मा के खिलाफ FIR की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने जल्द सुनवाई से इनकार किया

प्रदर्शन के दौरान निशु आजाद ने अपनी सुरक्षा की गुहार लगाते हुए कहा था कि उन्हें लगातार धमकियां मिल रही हैं. इस हंगामे के दौरान संजय आजाद के सिर पर गंभीर चोट आई थी, जिन्हें कथित तौर पर 60 टांके लगे थे. दिल्ली पुलिस ने इस मामले में आरोपी के खिलाफ पुरानी धाराओं के साथ-साथ एससी/एसटी एक्ट और पोक्सो एक्ट (POCSO Act) के तहत भी नया मुकदमा दर्ज किया है.

पार्लियामेंट थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद निशु आजाद ने कहा कि धमकियों, गालियों और उनके अश्लील स्टिकर बनाए जाने की वजह से उन्हें भारी मानसिक प्रताड़ना का सामना करना पड़ा है, जिससे उनका सामान्य रूप से घर से बाहर निकलना भी मुश्किल हो गया था.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital