Jantar Mantar Protest: पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को जंतर मंतर से अस्पताल में भर्ती कराए जाने का मामला अब देश के सबसे बड़ी अदालत पहुच गया है. सुप्रीम कोर्ट के वकील नरेंद्र मिश्रा ने इसको लेकर सीजेआई सूर्यकांत को पत्र लिखा है. सीजेआई के भेजे गए पत्र में वकील नरेंद्र मिश्रा ने सोनम वांगचुक और अन्य प्रदर्शनकारियों के मौलिक अधिकारों की सुरक्षा की मांग की है.
क्या है मामला?
दायर याचिका में कोर्ट से अनुरोध किया गया है कि प्रदर्शन के दौरान वांगचुक और अन्य अनशनकारियों को पर्याप्त चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा उनके शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में अनावश्यक हस्तक्षेप के करने के निर्देश जारी करने की मांग की गई है. सीजेआई को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि नीट यूजी पेपर लीक, परीक्षा अनियमितताओं और भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता जैसे मुद्दों से जुड़ा है, जो लाखों छात्रों के भविष्य को प्रभावित करते हैं. वकील मिश्रा का आरोप है कि सोनम वांगचुक को पुलिस ने हिरासत में लिया, जिससे आंदोलन नेतृत्व विहीन हो गया और प्रदर्शनकारियों में चिंता पैदा कर दिया है.
शांतिपूर्ण प्रदर्शन और भूख हड़ताल जारी रखने की मांग
उन्होंने सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन और भूख हड़ताल जारी रखने की अनुमति दी जाए और पुलिस को निर्देश दिया जाए कि वह अनावश्यक हस्तक्षेप ने करें. सीजेआई को भेजे गए पत्र में प्रदर्शन स्थल पर डॉक्टर, मेडिसिन, मेडिकल उपकरण के अलावा नियमित स्वास्थ्य जांच की व्यवस्था करने के निर्देश देने की मांग की गई है. याचिका में आरोप लगाया गया है कि पुलिस ने वांगचुक को हिरासत में लिया, जिससे प्रदर्शनकारी छात्रों में चिंता का माहौल है. इसमें कहा गया है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन संविधान के अनुच्छेद 19 और 21 के तहत संरक्षित अधिकार है और प्रशासन को प्रदर्शनकारियों के साथ कानून के दायरे में रहकर ही कार्रवाई करनी चाहिए.
याचिका में कहा गया है कि दिल्ली पुलिस और अन्य संबंधित अधिकारियों को शांतिपूर्ण प्रदर्शन और अनशन की अनुमति देने, अनावश्यक बल प्रयोग से रोकने तथा यदि सोनम वांगचुक अवैध हिरासत में हो तो कानून के अनुसार उनकी रिहाई या उन्हें प्रदर्शन स्थल पर वापस लाने का निर्देश जारी किया जाए.
यह भी पढ़ें: आर्म्स डीलर संजय भंडारी की मुश्किलें बढ़ीं; संपत्ति जब्ती पर 22 अगस्त को राउज एवेन्यू कोर्ट में होगी सुनवाई
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

