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अब हर शनिवार खुले रहेंगे सुप्रीम कोर्ट के कार्यालय, 14 जुलाई से होगा नियम लागू

सुप्रीम कोर्ट ने अपने नियमों में बड़ा बदलाव करते हुए रजिस्ट्री और कार्यालय को शनिवार को भी खोलने का फैसला लिया है. यह नियम 14 जुलाई 2025 से लागू होगा.

supreme court

सुप्रीम कोर्ट के नियमों में एक बड़ा बदलाव किया गया है. राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद सुप्रीम कोर्ट ने यह बदलाव किया है. नए बदलाव के तहत अब सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री और कार्यालय शनिवार को भी खुले रहेंगे. जबकि पहले सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री कार्यालय शनिवार को बंद रहते थे मगर अब इस संशोधन के बाद हर शनिवार सुबह 10 बजे से दोपहर के 1 बजे तक खुले रहेंगे.

इसको लेकर सुप्रीम कोर्ट की तरफ से एक नोटिस जारी किया गया है. सुप्रीम कोर्ट के नोटिस में कहा गया है कि न्यायालय की रजिस्ट्री और कार्यालय 14 जुलाई 2025 से सभी शनिवार को सुबह 10 बजे से अपराध रक बजे तक खुले रहेंगे. सुप्रीम कोर्ट ने संविधान के अनुच्छेद 145 के तहत अपनी शक्तियों का प्रयोग किया है और अपने 2013 के नियमों में संशोधन किया है.

आम लोगों के लिए सुप्रीम कोर्ट के दरवाजे खुले

बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने इससे पहले भी एक एक बड़ा फैसला लिया था. सुप्रीम कोर्ट ने आम लोगों के लिए गाइडेड टूर के वास्ते अपने दरवाजे खोल दिए हैं, सुप्रीम कोर्ट ने सार्वजनिक सहभागिता और जागरूकता बढ़ाने के लिए अपने दरवाजे खोलते हुए कुछ खास दिनों में आम लोगों के लिए सुप्रीम कोर्ट के गाइडेड टूर की इजाजत दे दिया था. इस आदेश के तहत लोग सुप्रीम कोर्ट के बारे में और अधिक जानकारी हासिल कर सकते हैं.

इससे पहले तीन नंबर 2018 को पहला गाइडेड टूर हुआ था. सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया है कि अदालत के आंशिक कार्य दिवसों की अवधि और दफ्तरों के लिए छुट्टियों की संख्या सीजेआई द्वारा तय की जाएगी और आधिकारिक राजपत्र में अधिसूचित किया जाएगा, ताकि रविवार को छोड़कर यह संख्या 95 दिनों से अधिक न हो. पहले यह संख्या 103 थी.

दरअसल 2022 में तत्कालीन कानून मंत्री किरेन रिजीजू ने कहा था कि कोर्ट को मिलने वाली छुट्टियों से उन लोगों को परेशानी हो सकती है, जो मामलों में न्याय के लिए इंतेजार कर रहे है. गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट का भवन 1958 में हुआ था तथा इसकी आधारशिला भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉक्टर राजेंद्र प्रसाद ने 1954 में रखी थी.

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-भारत एक्सप्रेस 



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