बद्रीनाथ धाम के ऊपर मौजूद तीन हैंगिंग ग्लेशियरों को लेकर वैज्ञानिकों ने गंभीर चेतावनी दी है. अध्ययन के अनुसार ग्लेशियर टूटने की स्थिति में 58.9 लाख घन मीटर बर्फ 283 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से नीचे आ सकती है, जिससे 398 इमारतें और कई अहम ढांचे प्रभावित हो सकते हैं.