नीम करोली बाबा (Neem Karoli Baba), जिन्हें उनके भक्त ‘महाराज जी’ कहते हैं वो उत्तर प्रदेश के अकबरपुर गांव में जन्मे थे. उनका असली नाम लक्ष्मीनारायण शर्मा था. बचपन से ही वे साधना और भक्ति की ओर आकर्षित थे. उन्होंने गृहस्थ जीवन को त्यागकर आध्यात्मिक मार्ग अपनाया और हनुमान जी के परम भक्त बन गए.
बिना कहे जान लेते थे मन की बात
बाबा (Neem Karoli Baba) की सबसे बड़ी विशेषता थी कि वे बिना पूछे ही लोगों की समस्याएं समझ जाते थे. उनके पास जाने वाले कई भक्तों ने अनुभव किया कि बाबा ने उनकी मन की बात जानकर समाधान दे दिया. यही कारण है कि उन्हें हनुमान जी का अवतार माना जाता है.
कैंची धाम- चमत्कारों का केंद्र
उत्तराखंड के नैनीताल जिले में स्थित कैंची धाम आश्रम (Kainchi Dham) बाबा (Neem Karoli Baba) का प्रमुख स्थान है. यहां बाबा ने कई चमत्कार किए, जिनमें से एक प्रसिद्ध घटना है, जब उन्होंने जलती आग से करारे नोट निकाल दिए. यह घटना उनकी अलौकिक शक्ति का प्रमाण मानी जाती है.
विदेशी भक्तों की आस्था
नीम करोली बाबा (Neem Karoli Baba) की ख्याति सिर्फ भारत तक सीमित नहीं रही. स्टीव जॉब्स, मार्क जुकरबर्ग, और जूलिया रॉबर्ट्स जैसे अंतरराष्ट्रीय हस्तियों ने भी बाबा के आश्रम में आकर उनकी ऊर्जा को महसूस किया. बाबा की शिक्षाएं और उपस्थिति आज भी दुनियाभर में लोगों को प्रेरित करती हैं.
बाबा की शिक्षाएं और दर्शन
बाबा हमेशा कहते थे, “सबका भला करो, किसी का बुरा मत सोचो.” उनका जीवन सेवा, भक्ति और सच्चाई का प्रतीक था. उन्होंने कभी खुद को चमत्कारी नहीं बताया लेकिन उनके आसपास जो घटित होता था, वह लोगों के लिए चमत्कार ही था.
आज भी जीवित है उनकी उपस्थिति
नीम करोली बाबा (Neem Karoli Baba) अब इस दुनिया में नहीं हैं लेकिन उनके भक्तों के दिलों में उनकी उपस्थिति आज भी जीवित है. उनकी शक्ति को महसूस करने के लिए बस एक सच्चे मन से उन्हें याद करना काफी है. श्रद्धा और विश्वास से जुड़ने पर बाबा की कृपा हर किसी को मिल सकती है.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.




