Uzma Khan Kanwar Yatra
Uzma Khan Kanwar Yatra: बुलंदशहर के अनूपशहर में एक महिला की शिवभक्ति इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है. नोएडा के रबूपुरा की रहने वाली उज्मा खान काले बुर्के में कांधे पर कांवर लेकर भगवान शिव की भक्ति में लीन नजर आईं. उज्मा ने अनूपशहर की छोटी काशी से पवित्र गंगाजल उठाया और कांवर यात्रा पर निकल पड़ीं. उज्मा का कहना है कि वह लगातार दूसरी बार कांवर पदयात्रा कर रही हैं.उनका दावा है कि भगवान शिव के प्रति उनकी आस्था और सनातन धर्म के प्रति विश्वास लगातार मजबूत हुआ है.
‘बुर्के में खुद को कहती हूं सनातनी’
उज्मा खान ने अपने बारे में बात करते हुए कहा कि वह बुर्का पहनने के बावजूद खुद को सनातनी मानती हैं.उनके मुताबिक, सनातन धर्म उन्हें सबसे अच्छा धर्म लगता है और वह भगवान शिव की भक्ति में पूरी आस्था रखती हैं. उज्मा के अनुसार, वह एक हिंदू युवक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही हैं और भविष्य में धर्म परिवर्तन करना चाहती हैं.हालांकि, यह उनका व्यक्तिगत निर्णय और दावा है.
‘किसी मौलाना या फतवे से नहीं डरती’
उज़्मा खान ने कहा कि उन्हें किसी मौलाना या किसी फतवे का डर नहीं है.उन्होंने कहा कि जो लोग उनके इस फैसले का विरोध करेंगे, उन्हें वह इसका जवाब देंगी. उज्मा ने यह भी कहा कि उन्हें उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर पूरा भरोसा है.
यह भी पढ़ें: अमरनाथ यात्रा 20 दिन पहले अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, जानिए क्या है वजह?
मुस्लिम महिलाओं से भी की अपील
उज्मा ने मुस्लिम समाज की उन महिलाओं का भी जिक्र किया, जो अपनी जिंदगी में परेशानियों का सामना कर रही हैं.उन्होंने कहा कि अगर कोई महिला सनातन धर्म को अपनाना चाहती है तो उसका स्वागत होना चाहिए. शिवभक्तों को लेकर मौलाना रशीद की कथित टिप्पणी पर भी उज्मा खान ने प्रतिक्रिया दी.उन्होंने कहा कि सनातन धर्म पर सवाल उठाने या उंगली उठाने वालों को वह गलत मानती हैं.
उज़्मा ने कहा, “सनातन धर्म पर उंगली उठाने वाले ही आतंकवादी हैं.”
फिलहाल, काले बुर्के में कांवर लेकर चलती उज़्मा खान की तस्वीरें और उनका बयान लोगों के बीच चर्चा का विषय बने हुए हैं.उनकी यह कांवर यात्रा धार्मिक आस्था के साथ-साथ उनके व्यक्तिगत विचारों और पहचान को लेकर भी सुर्खियां बटोर रही है.
भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.


