Bharat Express DD Free Dish

Chaitra Navratri 2025

इस साल नवरात्रि का पर्व 22 सितंबर से शुरू होने वाला है. इस शुभ अवसर पर भक्तों में उत्साह का माहौल होता है. कई लोग माता के स्वागत के लिए ढोल-नगाड़ों की थाप लगाते हैं, जबकि कुछ इसे थोड़ा अलग अंदाज में मनाना पसंद करते हैं.

नवमी तिथि के अनुष्ठान की कड़ी में गोरखनाथ मंदिर के अन्न क्षेत्र में आयोजित कन्या पूजन कार्यक्रम में योगी ने नौ दुर्गा स्वरूपा कुंवारी कन्याओं के पांव पखारे, उनका विधि विधान से पूजन किया, चुनरी ओढाई, आरती उतारी, श्रद्धापूर्वक भोजन कराया और दक्षिणा देकर उनका आशीर्वाद लिया.

नवमी पर कन्या पूजन कराने से मां दुर्गा प्रसन्न होती हैं और उनके आशीर्वाद से घर में सुख-समृद्धि का वास बना रहता है.

चैत्र नवरात्रि के आठवें दिन माता महागौरी की पूजा का विशेष महत्व है, जो विवाह संबंधी बाधाओं को दूर करती है और जीवन में सुख-शांति लाती है. इस दिन कन्या पूजन की परंपरा भी है, जो नारी शक्ति और सम्मान का प्रतीक है.

Chaitra Navratri: चैत्र नवरात्रि के छठे दिन मां कात्यायनी की आराधना होती है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मां के छठे रूप से सुख-समृद्धि की याचना की है.

दिल्ली के प्रसिद्ध कालकाजी मंदिर में भक्तों का तांता माता के दर्शन के लिए लगा हुआ है. KalkaJi मंदिर के पुजारी ने बताया कैसे प्रसन्न होंगी माता, ऐसे करें उपासना

विंध्य क्षेत्र का उल्लेख पुराणों में सिद्ध तपोभूमि के रूप में आता है. मान्यताओं के अनुसार यह विश्व का एकमात्र स्थान है, जहां पर तीनों देवियां एक साथ अपने भक्तों के मनोकामनाओं को पूरा करती हैं.

chaitra navratri 2025: नवरात्रि के बीच में यदि कोई महिला मासिक धर्म या पीरियड से गुजरती है, ऐसे में ज्यादातर महिलाएं इस कंफ्यूजन में रहती हैं कि अपने व्रत को कैसे पूर्ण करेंगी. इसको लेकर शास्त्रों में कुछ खास नियम बताए गए हैं.

दो मुख्य रूप से मनाई जाती हैं और दो गुप्त नवरात्रि कहलाती हैं. जानें कौनसा नवरात्रि होती है सबसे महत्वपूर्ण?

चैत्र नवरात्रि 2025 में मां दुर्गा का आगमन और प्रस्थान हाथी पर होगा, जो समृद्धि और अच्छी वर्षा का संकेत देता है. यह शुभ संयोग भक्तों के लिए उन्नति और सुख-शांति का वरदान लेकर आएगा.