Bharat Express DD Free Dish

election commission of india

देशभर में जल्द ही मतदाता सूची की स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया शुरू होने जा रही है. चुनाव आयोग का कहना है कि जिन लोगों के नाम 2002 से 2008 के बीच वोटर लिस्ट में थे, उन्हें अब पहचान या जन्म से जुड़े दस्तावेज देने की जरूरत नहीं होगी.

सुप्रीम कोर्ट ने बिहार एसआईआर मामले में 12वें दस्तवेज़ों के तौर पर शामिल आधार को हटाने की मांग वाली याचिका पर चुनाव आयोग को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. कोर्ट याचिककर्ताओ की ओर से उठाए गए आपत्तियों पर सुप्रीम कोर्ट 7 अक्टूबर को सुनवाई करेगा.

बिहार में हो रहे एसआईआर को लेकर राजनीतिक पार्टियों में जहां हकचल तेज हो गई है. वही केंद्रीय चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर कोर्ट को बताया है कि देशभर के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों एसआईआर कराने का लिया फैसला.

CEC Removal: मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की प्रक्रिया भी संसद से शुरू होती है. संसद के किसी भी सदन में मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने का प्रस्ताव लाया जा सकता है. अगर प्रस्ताव लोकसभा में लाया जाता है तो प्रस्ताव के समर्थन में 100 सांसदों का हस्ताक्षर जरूरी है.

Rahul Gandhi Statement: राहुल गांधी द्वारा चुनावों में धांधली के आरोपों पर भारत निर्वाचन आयोग ने फैक्ट चेक के ज़रिए जवाब दिया है. आयोग ने उनके बयान को भ्रामक बताया और शपथ पत्र देने की चुनौती दी. जानें पूरी जानकारी...

बिहार में मतदाता पुनरीक्षण के दौरान कथित रूप से विदेशी नागरिकों के नाम वोटर लिस्ट में पाए जाने को लेकर सियासत तेज हो गई है. राजद सांसद मनोज कुमार झा ने चुनाव आयोग पर पक्षपात का आरोप लगाते हुए कहा कि आयोग गठबंधन सहयोगी की तरह काम कर रहा है.

सुप्रीम कोर्ट ने बिहार विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची पुनरीक्षण पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है. कोर्ट ने कहा कि चुनाव आयोग कानून के अनुसार काम कर रहा है. अगली सुनवाई 28 जुलाई को होगी.

बिहार में चुनाव आयोग द्वारा किए जा रहे विशेष सघन मतदाता सूची पुनरीक्षण पर सुप्रीम कोर्ट में एक और याचिका दाखिल हुई है. याचिकाकर्ता अश्विनी उपाध्याय ने इसे सही कदम बताया.

भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने स्टॉकहोम में भारतीय प्रवासियों से मुलाकात की और इंटरनेशनल आइडिया कॉन्फ्रेंस में भारत की चुनावी पारदर्शिता, समावेशिता और नवाचार को लेकर मुख्य भाषण दिया.

भारतीय निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची की शुद्धता बढ़ाने और मतदान प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए नई पहल की है, जिसमें डिजिटल मृत्यु पंजीकरण डेटा, उन्नत वीआईएस डिजाइन और बीएलओ की पहचान सुनिश्चित करने के उपाय शामिल हैं.